– छोटे व्यापारियों के हितों की उठी आवाज
फर्रुखाबाद। बीजेपी नेता सुधांशु दत्त ने मोबाइल पर संचालित फर्जी ऐप्स, भ्रामक विज्ञापनों और अनियंत्रित ऑनलाइन मार्केटिंग को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए सरकार से सख्त कदम उठाने की मांग की है। उनका कहना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बड़ी संख्या में ऐसे ऐप और विज्ञापन सक्रिय हैं जो उपभोक्ताओं को भ्रमित कर रहे हैं तथा स्थानीय व्यापार पर प्रतिकूल प्रभाव डाल रहे हैं।
सुधांशु दत्त के अनुसार बेरोजगारी की समस्या से निपटने के लिए सरकार को ऐसी नीतियां बनानी चाहिए जो स्वरोजगार और स्थानीय व्यापार को बढ़ावा दें। उनका मानना है कि ऑनलाइन मार्केटिंग के बढ़ते प्रभाव के कारण छोटे दुकानदारों और पारंपरिक व्यापारियों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो रहा है।
उन्होंने कहा कि बाजार में ऑनलाइन बिकने वाले अनेक उत्पादों की गुणवत्ता और टिकाऊपन को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं। उपभोक्ताओं को आकर्षक विज्ञापनों के माध्यम से उत्पाद बेचे जाते हैं, लेकिन कई बार वस्तुओं की गुणवत्ता अपेक्षा के अनुरूप नहीं होती। उन्होंने इसे “यूज एंड थ्रो” संस्कृति को बढ़ावा देने वाला बताया।
सुधांशु दत्त ने सरकार से मांग की कि फर्जी मोबाइल ऐप्स और भ्रामक विज्ञापनों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए। साथ ही उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा तथा स्थानीय व्यापारियों को प्रतिस्पर्धा में सक्षम बनाने के लिए प्रभावी नीतियां लागू की जाएं, जिससे रोजगार के नए अवसर सृजित हों और छोटे व्यापारियों का कारोबार मजबूत हो सके।
हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि ऑनलाइन व्यापार पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के बजाय उसके नियमन, गुणवत्ता नियंत्रण और उपभोक्ता संरक्षण को मजबूत करना अधिक व्यावहारिक समाधान हो सकता है, जिससे डिजिटल अर्थव्यवस्था और पारंपरिक व्यापार दोनों के बीच संतुलन स्थापित किया जा सके।


