फर्रुखाबाद। सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर सोमवार को पांचालघाट गंगा तट पर आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। गंगा स्नान के लिए जनपद सहित दूर-दराज के क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु पहुंचे। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से सुरक्षा और यातायात के व्यापक इंतजाम किए गए थे। घाट पर तैनात पुलिसकर्मी लगातार माइक के माध्यम से श्रद्धालुओं से गहरे पानी में न जाने की अपील करते रहे, लेकिन इसके बावजूद कुछ लोगों की लापरवाही जानलेवा साबित होते-होते बच गई।
इसी दौरान कायमगंज क्षेत्र निवासी 17 वर्षीय अमोद कुमार पुत्र सत्यम तथा जसमई निवासी 15 वर्षीय सुमित पुत्र उत्कर्ष अपने रिश्तेदार अनुरोध कुमार पुत्र ज्योति स्वरूप निवासी जसमई के साथ गंगा स्नान करने पांचालघाट पहुंचे थे। स्नान के दौरान दोनों किशोर अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। बच्चों को डूबता देख घाट पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।
मौके पर तैनात गोताखोर अंबर पुत्र शेर अली ने अपनी टीम के साथ बिना देर किए गंगा में छलांग लगा दी। कड़ी मशक्कत के बाद दोनों किशोरों को सकुशल बाहर निकाल लिया गया। समय रहते बचाव अभियान सफल होने से एक बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद मौजूद श्रद्धालुओं और परिजनों ने राहत की सांस ली तथा गोताखोरों की तत्परता की सराहना की।
सूचना मिलने पर घाट पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने दोनों किशोरों और उनके अभिभावकों को पांचालघाट चौकी पहुंचाया तथा मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों को दी। चौकी पर एसडीएम सदर, कोतवाली कादरीगेट पुलिस, अमृतपुर थाना प्रभारी सहित अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में दोनों किशोरों को भविष्य में ऐसी लापरवाही न करने की सख्त हिदायत दी गई। अधिकारियों ने कहा कि प्रशासन द्वारा बार-बार चेतावनी दिए जाने के बावजूद गहरे पानी में उतरना किसी भी समय जानलेवा साबित हो सकता है।
वहीं सोमवती अमावस्या पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के कारण कुछ समय के लिए पांचालघाट चौकी के सामने तथा पुल पर जाम की स्थिति भी उत्पन्न हो गई। इस दौरान कुछ लोगों के बीच कहासुनी, गाली-गलौज और हाथापाई की नौबत भी आ गई। हालांकि सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित कर लिया और मामला शांत करा दिया।
यातायात प्रभारी सत्येंद्र सिंह अपनी टीम के साथ पूरे समय यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में जुटे रहे। जहां भी जाम की स्थिति बनी, वहां तत्काल पुलिसकर्मियों को भेजकर यातायात सामान्य कराया गया।
सोमवती अमावस्या के अवसर पर प्रशासन की सतर्कता, गोताखोरों की सूझबूझ और पुलिस की सक्रियता के चलते पांचालघाट पर एक बड़ा हादसा टल गया। अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे गंगा स्नान के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन करें और बैरिकेडिंग के आगे अथवा गहरे पानी में जाने से बचें, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
गंगा में डूब रहे दो किशोरों को गोताखोरों ने बचाया, सोमवती अमावस्या पर पांचालघाट में उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़


