देहरादून में छापेमारी, दो आरोपी गिरफ्तार, करीब ₹1 करोड़ की नकली दवाएं और अत्याधुनिक मशीनें बरामद
विशेष संवाददाता, यूथ इंडिया
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत नकली दवाओं के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) और क्राइम ब्रांच गाजियाबाद की संयुक्त टीम ने उत्तराखंड के देहरादून में संचालित एक नकली दवा फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई के दौरान दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
जांच में सामने आया कि यह एक अंतरराज्यीय सिंडिकेट था, जिसका नेटवर्क उत्तर प्रदेश से लेकर उत्तराखंड तक फैला हुआ था। डिजिटल साक्ष्यों, मोबाइल चैट और अन्य तकनीकी प्रमाणों के आधार पर जांच एजेंसियों ने पूरे नेटवर्क का खुलासा किया।
छापेमारी के दौरान फैक्ट्री से करीब ₹1 करोड़ मूल्य की नकली दवाएं, बड़ी मात्रा में पैकेजिंग सामग्री और आधुनिक मशीनरी बरामद की गई। प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि नकली दवाओं की आपूर्ति विभिन्न राज्यों में की जा रही थी।
एफएसडीए अधिकारियों के अनुसार, इस कार्रवाई की कड़ी लखनऊ के अमीनाबाद में पहले पकड़ी गई 43 प्रकार की नकली दवाओं से जुड़ी जांच से जुड़ी है। उसी जांच के आधार पर एजेंसियां देहरादून तक पहुंचीं और पूरे गिरोह का पर्दाफाश करने में सफलता मिली।
अधिकारियों का कहना है कि सिंडिकेट से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। नकली दवाओं के निर्माण, भंडारण और आपूर्ति में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सरकार ने स्पष्ट किया है कि जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत अभियान आगे भी जारी रहेगा।


