बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री Mayawati ने गाजियाबाद के खोड़ा क्षेत्र में छात्र सूर्या चौहान की हत्या की घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने इस घटना को बेहद दुखद, चिंताजनक और समाज के लिए गंभीर संकेत बताया। मायावती ने कहा कि ऐसी घटनाएं लोगों में भय और असुरक्षा का माहौल पैदा करती हैं, इसलिए शासन और प्रशासन को अपराध नियंत्रण के लिए प्रभावी और कठोर कदम उठाने चाहिए। उन्होंने मांग की कि घटना में शामिल सभी आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए ताकि कानून का राज कायम रह सके।
बसपा प्रमुख ने अपने बयान में प्रदेश में लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाओं पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना सरकार और प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है तथा अपराध और हिंसा की घटनाओं पर समय रहते अंकुश लगाया जाना चाहिए। मायावती ने यह भी कहा कि जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आते हैं, वैसे-वैसे ऐसी घटनाओं के सामाजिक और राजनीतिक प्रभाव भी बढ़ सकते हैं। इसलिए सरकार को पूरी तरह सतर्क रहकर प्रदेश में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
यह मामला गाजियाबाद के खोड़ा थाना क्षेत्र की नवनीत विहार कॉलोनी का है, जहां बकरीद के दिन 11वीं कक्षा के छात्र सूर्या चौहान की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। परिजनों के अनुसार, आरोपी असद ने अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर पहले सूर्या को बातचीत के बहाने रोका। शिकायत में कहा गया है कि असद ने सूर्या से पूछा कि क्या उसने कभी बकरा हलाल होते देखा है। सूर्या द्वारा मना करने और वहां से जाने की कोशिश करने पर दोनों के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि इसी दौरान असद ने चाकू निकालकर सूर्या के पेट में वार कर दिया।
घटना के बाद घायल सूर्या जान बचाने के लिए करीब 200 मीटर तक भागा, लेकिन गंभीर रूप से घायल होने के कारण रास्ते में गिर पड़ा। आरोप है कि हमलावरों ने उसका पीछा किया और उस पर दोबारा हमला किया। परिजन उसे तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे नोएडा के एक निजी अस्पताल में रेफर किया गया। उपचार के दौरान शुक्रवार को उसकी मौत हो गई। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है तथा कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इस घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं की प्रतिक्रियाएं भी सामने आ रही हैं।


