लखनऊ। उत्तर प्रदेश में सड़क अवसंरचना को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से सोमवार को राजधानी लखनऊ स्थित 5, कालिदास मार्ग पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी की संयुक्त अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में प्रदेश में निर्माणाधीन और प्रस्तावित राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति, निर्माण कार्य की गति, भूमि अधिग्रहण, बजट, गुणवत्ता, समयबद्ध क्रियान्वयन और लंबित परियोजनाओं से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों ने परियोजनाओं की प्रगति से संबंधित प्रस्तुतीकरण भी दिया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं को निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि सड़क अवसंरचना का विकास प्रदेश की आर्थिक प्रगति, निवेश, औद्योगिक विकास और रोजगार सृजन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भी परियोजनाओं के शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण निर्माण पर जोर देते हुए कहा कि आधुनिक सड़क नेटवर्क किसी भी राज्य के विकास की आधारशिला होता है। उन्होंने अधिकारियों को केंद्र और राज्य सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर निर्माण कार्यों में आने वाली बाधाओं का समयबद्ध समाधान करने के निर्देश दिए।
बैठक में प्रदेश के विभिन्न जिलों से गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों, नए फोरलेन एवं सिक्स लेन मार्गों, बाईपास, पुलों और अन्य सड़क परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। साथ ही जनसुविधा, सड़क सुरक्षा और यातायात प्रबंधन से जुड़े विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
उत्तर प्रदेश देश के सबसे तेजी से विकसित हो रहे सड़क नेटवर्क वाले राज्यों में शामिल हो चुका है। ऐसे में केंद्र और राज्य सरकार की संयुक्त समीक्षा बैठकें केवल परियोजनाओं की प्रगति का आकलन नहीं करतीं, बल्कि विकास कार्यों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने की दिशा भी तय करती हैं। बेहतर सड़क संपर्क से प्रदेश में निवेश, पर्यटन, उद्योग, कृषि और रोजगार के नए अवसरों को भी गति मिलने की उम्मीद है।


