फर्रुखाबाद
मोहम्मदाबाद क्षेत्र में गुरुवार तड़के एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जहां रेलवे ट्रैक पर एक युवक की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। यह हादसा बाबा लक्ष्मण दास पुरी रेलवे स्टेशन के पास पोल संख्या 1295/03-04 के नजदीक हुआ, जिससे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रयागराज से भिवानी की ओर जा रही कालिंद्री एक्सप्रेस के लोको पायलट ने रात करीब 2 बजे टूंडला कंट्रोल रूम को ट्रैक पर व्यक्ति के कटने की सूचना दी। इसके बाद जीआरपी मैनपुरी, स्टेशन मास्टर नीम करोरी तथा स्थानीय थाना पुलिस को अवगत कराया गया। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू की।
मौके पर पहुंचे चौकी प्रभारी लक्ष्मण सिंह और उनकी टीम ने शव को कब्जे में लेकर पहचान कराने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद मृतक की पहचान दीपक सक्सेना (लगभग 40 वर्ष) निवासी नीम करोरी, पुत्र स्वर्गीय रामऔतार के रूप में हुई। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
परिजनों के अनुसार, दीपक सक्सेना पिछले काफी समय से नशे के आदी थे, जिसके चलते उनके परिवार में लगातार विवाद की स्थिति बनी रहती थी। बताया गया कि इसी कारण उनकी पत्नी सोनी अपने तीनों बच्चों के साथ करीब पांच दिन पहले मायके चली गई थीं। घटना की सूचना मिलने पर वह तत्काल वापस घर लौट आईं, जिससे परिवार में कोहराम मच गया।
मृतक अपने पीछे दो बेटियां वैष्णवी (13 वर्ष), दिव्यांशी (8 वर्ष) और एक पुत्र आदित्य (10 वर्ष) को छोड़ गए हैं। माता-पिता का पहले ही निधन हो चुका था, जिससे दीपक परिवार के इकलौते सहारा थे। वह पापड़ी का ठेला लगाकर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे और मेहनत मजदूरी से घर चला रहे थे।
घटना की जानकारी परिजनों को सुबह करीब 3:30 बजे शव की पहचान के बाद दी गई। सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंच गए और शव देखकर उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि यह हादसा था या आत्महत्या।
इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर नशे की लत के दुष्परिणामों को उजागर कर दिया है, जिससे न केवल व्यक्ति बल्कि उसका पूरा परिवार प्रभावित होता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में नशे के खिलाफ सख्त अभियान चलाया जाए, ताकि ऐसी घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।


