संभल जिले में स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए दो क्लीनिकों का निरीक्षण किया। इस दौरान शहबाजपुर खुर्द स्थित नायब क्लीनिक में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं, जिसके बाद अधिकारियों ने तुरंत ऑपरेशन थिएटर को सील कर दिया और एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान नायब क्लीनिक की स्थिति बेहद चिंताजनक पाई गई। यहां लंबे समय से लगभग 10 वर्षों से बिना उचित अनुमति के अवैध रूप से संचालन किया जा रहा था। क्लीनिक में भारी गंदगी, अव्यवस्थित दवाइयों का भंडारण और मानक के विपरीत स्वास्थ्य सुविधाएं पाई गईं, जिससे मरीजों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
अधिकारियों को मौके पर 5 से 6 बेड, खुले में रखी दवाइयां और एक कमरे में सर्जरी टेबल भी मिली, जिसका उपयोग ऑपरेशन थिएटर या लेबर रूम के रूप में किए जाने की आशंका जताई गई है। उस समय क्लीनिक में दो मरीज भर्ती थे, जिनका इलाज चल रहा था।
जांच के दौरान बड़ी संख्या में आई.वी. इंजेक्शन भी बरामद किए गए, जबकि नियमों के अनुसार बीयूएमएस चिकित्सकों को इस तरह के उपचार की अनुमति नहीं होती है। मौके पर मौजूद कंपाउंडर पवन ने बताया कि क्लीनिक का संचालन डॉ. मो. आलम और डॉ. हिना करते हैं, हालांकि दोनों निरीक्षण के समय अनुपस्थित पाए गए।
प्रशासनिक टीम ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल दोनों भर्ती मरीजों को सुरक्षित रूप से अन्य अस्पतालों में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने कहा कि इस तरह की लापरवाही सीधे तौर पर मरीजों के जीवन के लिए खतरा बन सकती है।
इसी दौरान पास स्थित जनता क्लीनिक का भी निरीक्षण किया गया, जहां नियमों के विपरीत अतिरिक्त बेड पाए गए। प्रशासन ने उन्हें तत्काल हटवाकर नियमों के अनुरूप व्यवस्था करने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य संस्थानों में अनियमितता किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
प्रशासन ने सभी निजी क्लीनिकों और स्वास्थ्य केंद्रों को चेतावनी दी है कि यदि आगे भी नियमों का उल्लंघन पाया गया तो सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


