29 C
Lucknow
Wednesday, April 22, 2026

रखा दरगाह का 127वां उर्स आज, सूफियाना रंग में डूबेगा फतेहगढ़

Must read

फर्रुखाबाद। जेएनवी रोड स्थित ऐतिहासिक रखा दरगाह का 127वां उर्स आज पूरे धार्मिक उल्लास, आस्था और सूफियाना माहौल के बीच मनाया जाएगा। उर्स को लेकर दरगाह परिसर में सुबह से ही श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ने की संभावना है। दूर-दराज से आए जायरीन दरगाह पर हाजिरी लगाकर अपनी मन्नतें मांगेंगे और अकीदत के फूल चढ़ाएंगे।

उर्स के अवसर पर दरगाह परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। आयोजकों द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली गई हैं। पूरे दिन दाल-रोटी का लंगर लगातार चलता रहेगा, जिसमें बड़ी संख्या में लोग प्रसाद ग्रहण करेंगे। यह परंपरा वर्षों से चली आ रही है, जो दरगाह की सामाजिक और धार्मिक एकता का प्रतीक है।

जैसे-जैसे शाम ढलेगी, उर्स का माहौल और भी रौनकभरा हो जाएगा। रात करीब 8 बजे ग्रानगंज से दरगाह के गद्दीनशीन अब्दुल हक चिश्ती चादर को सिर पर रखकर कब्बाली के साथ जुलूस की शक्ल में दरगाह के लिए रवाना होंगे। यह नजारा श्रद्धालुओं के लिए बेहद खास होता है, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल होते हैं।

चादर पेश किए जाने के बाद महफिल-ए-समां का आयोजन होगा, जिसमें मशहूर कव्वाल सूफियाना कलाम पेश कर श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक आनंद से सराबोर करेंगे। देर रात तक चलने वाली इस महफिल में लोग झूमते नजर आते हैं और दरगाह का पूरा वातावरण इबादत और मोहब्बत के रंग में रंग जाता है।

रात्रि में श्रद्धालुओं के लिए पूड़ी-सब्जी का विशेष लंगर भी आयोजित किया जाएगा। उर्स के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर मेला कमेटी और प्रशासन द्वारा व्यापक इंतजाम किए गए हैं, ताकि किसी भी श्रद्धालु को कोई असुविधा न हो।

रखा दरगाह का यह उर्स न सिर्फ एक धार्मिक आयोजन है, बल्कि यह क्षेत्र में भाईचारे, प्रेम और सांप्रदायिक सौहार्द का भी संदेश देता है। हर साल की तरह इस बार भी यह आयोजन हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल पेश करेगा, जिसमें सभी समुदायों के लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article