पटना। चर्चित शिक्षक और ग्लोबल स्टडीज संस्थान के संस्थापक खान सर फायरिंग मामले में पटना सिविल कोर्ट में सरेंडर नहीं करेंगे। उनके अधिवक्ता अरविंद कुमार महुआर ने स्पष्ट किया है कि खान सर के आत्मसमर्पण की कोई संभावना नहीं है और उनकी ओर से अग्रिम जमानत (एंटिसिपेटरी बेल) के लिए आवेदन दायर किया जाएगा।
वकील ने कहा कि खान सर को फिलहाल सरेंडर करने की आवश्यकता नहीं है। कानूनी प्रक्रिया के तहत अदालत में अग्रिम जमानत की मांग की जाएगी। उन्होंने दावा किया कि खान सर के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी (FIR) गलत है और उन्हें बेवजह मामले में शामिल किया गया है।
अरविंद कुमार महुआर के अनुसार, जिस घटना को लेकर मामला दर्ज हुआ है, उसमें खान सर की कोई भूमिका नहीं थी। उन्होंने कहा कि उनकी वजह से गोलीबारी नहीं हुई और न ही वे किसी ऐसी गतिविधि में शामिल थे, जिससे फायरिंग की घटना हुई हो। बचाव पक्ष का कहना है कि जांच में सच्चाई सामने आने पर खान सर के खिलाफ लगाए गए आरोप टिक नहीं पाएंगे।
मामले के सामने आने के बाद राज्यभर में इसकी चर्चा तेज हो गई है। समर्थक इसे खान सर को बदनाम करने की कोशिश बता रहे हैं, जबकि पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। अब सभी की नजर अदालत में दायर होने वाली अग्रिम जमानत याचिका और जांच एजेंसियों की अगली कार्रवाई पर टिकी है। कानून विशेषज्ञों का मानना है कि अदालत के फैसले और पुलिस जांच के निष्कर्षों के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।


