फर्रुखाबाद। डॉ. अंकुर लाठर की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार फतेहगढ़ में जिला वृक्षारोपण समिति, जिला गंगा समिति, जिला पर्यावरण समिति, वन बंदोबस्त समिति एवं आर्द्रभूमि समिति की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। बैठक में पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण अभियान, गंगा स्वच्छता और जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन से जुड़े कार्यों की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी ने जानकारी दी कि शासन द्वारा जनपद फर्रुखाबाद के लिए वर्ष 2026 हेतु कुल 40 लाख 82 हजार 488 पौधारोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसमें वन विभाग को 21 लाख पौधारोपण तथा अन्य विभागों को 19 लाख 82 हजार 488 पौधारोपण का लक्ष्य आवंटित किया गया है।
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि जिन विभागों ने अब तक कार्ययोजना, स्थल चयन और गड्ढा खुदान संबंधी सूचना उपलब्ध नहीं कराई है, वे हर हाल में 30 मई 2026 तक जानकारी उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण अभियान को पूरी गंभीरता और गुणवत्ता के साथ सफल बनाया जाए।
बैठक में गंगा नदी में गिरने वाले नालों को टैग करने और प्रदूषण नियंत्रण के लिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए। जिलाधिकारी ने बीबीगंज नाला के लिए पंपिंग स्टेशन स्थापित करने तथा सोताबहादुरपुर नालों को 30 एमएलडी क्षमता में टैप करने हेतु गंगा प्रदूषण जल निगम को प्रस्ताव भेजने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।
इसके अलावा गंगा घाटों पर कार्यरत नाविकों, गोताखोरों, पंडा-पुजारियों और दुकानदारों के पंजीकरण की प्रक्रिया जल्द पूरी कराने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी पंजीकृत व्यक्तियों का पुलिस सत्यापन भी कराया जाए, जिससे घाटों पर सुरक्षा और व्यवस्था बेहतर बनी रहे।
बैठक में जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद के सभी सरकारी और निजी अस्पतालों में जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार गौड़, प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी राजीव कुमार, परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास अभिकरण कपिल कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।


