– फ़र्ज़ीवाड़ा बिल्कुल बर्दाश्त नहीं
– दलाल मीडिया की एंट्री बंद
– सरकारी योजनाओं को जन जन तक पहुँचाना प्राथमिकता
लखनऊ। उत्तर प्रदेश शासन के सूचना एवं जनसंपर्क विभाग में सूचना निदेशक के रूप में कार्यरत विशाल सिंह अपनी कार्यशैली, सरल व्यवहार और परिणामोन्मुखी सोच के कारण प्रशासनिक एवं मीडिया जगत में अलग पहचान बना रहे हैं। सरकारी योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से आमजन तक पहुंचाने में उनकी भूमिका लगातार चर्चा का विषय बनी हुई है।
विशाल सिंह ने सूचना निदेशक का दायित्व संभालने के बाद विभागीय कार्यप्रणाली में कई सकारात्मक बदलाव किए हैं। उन्होंने सूचना विभाग को केवल सरकारी विज्ञप्तियों तक सीमित न रखकर जनसंचार का प्रभावी माध्यम बनाने पर जोर दिया है। उनके नेतृत्व में विभाग ने आधुनिक तकनीकों और डिजिटल प्लेटफॉर्म का व्यापक उपयोग शुरू किया है, जिससे सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी तेजी से जनता तक पहुंच रही है।
प्रशासनिक अधिकारियों, पत्रकारों और आम नागरिकों के बीच विशाल सिंह की पहचान एक सहज, सुलभ और संवेदनशील अधिकारी के रूप में है। वे संवाद को प्राथमिकता देते हैं और समस्याओं के समाधान के लिए त्वरित निर्णय लेने में विश्वास रखते हैं। यही कारण है कि विभागीय कार्यों में पारदर्शिता और समन्वय को नई मजबूती मिली है।
अयोध्या में जिलाधिकारी के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान भी उन्होंने विकास कार्यों और प्रशासनिक दक्षता की मिसाल पेश की थी। उनकी योजनाबद्ध कार्यशैली और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता ने उन्हें एक प्रभावशाली प्रशासक के रूप में स्थापित किया। इसी अनुभव का लाभ अब सूचना विभाग को भी मिल रहा है।
सूचना निदेशक के रूप में विशाल सिंह का प्रयास है कि सरकार की नीतियों, योजनाओं और उपलब्धियों की सटीक एवं प्रमाणिक जानकारी समाज के हर वर्ग तक पहुंचे। डिजिटल संचार, सोशल मीडिया और नवीन तकनीकों के माध्यम से विभाग को आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में उनके प्रयास निरंतर जारी हैं।
सरकारी तंत्र और जनता के बीच संवाद को मजबूत बनाने की उनकी पहल को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। यही वजह है कि विशाल सिंह आज उन अधिकारियों में गिने जा रहे हैं जो कम बोलते हैं, लेकिन अपने कार्यों से प्रभाव छोड़ते हैं। उनकी कार्यशैली इस बात का उदाहरण है कि प्रशासनिक सफलता का आधार केवल घोषणाएं नहीं, बल्कि परिणाम देने वाली कार्य संस्कृति होती है।


