फर्रुखाबाद। आशा कार्यकर्ताओं का वेतन संकट गहराता जा रहा है। तीन माह से मानदेय न मिलने से नाराज आशा बहुओं ने अब जिला प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को फतेहगढ़ स्थित कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचकर आशा कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा और लंबित वेतन भुगतान की मांग की।
आशा कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे लंबे समय से स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने का कार्य कर रही हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल पा रहा है। आर्थिक संकट से जूझ रहीं आशा बहुओं ने आरोप लगाया कि कई बार अधिकारियों को समस्या से अवगत कराने के बावजूद समाधान नहीं किया गया।
बताया गया कि इससे पहले आशा कार्यकर्ताओं ने 56 दिनों तक सीएमओ कार्यालय में धरना प्रदर्शन किया था। उस दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा जल्द वेतन दिलाने का आश्वासन देकर धरना समाप्त कराया गया था, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हो सका। इससे आशा बहुओं में भारी नाराजगी बनी हुई है।
प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना है कि लगातार बढ़ती महंगाई के बीच परिवार चलाना मुश्किल हो गया है। कई आशा कार्यकर्ताओं के सामने बच्चों की पढ़ाई, घर खर्च और दवाइयों तक का संकट खड़ा हो गया है। उनका आरोप है कि स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ मानी जाने वाली आशा बहुओं की समस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा।
आशा कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी से हस्तक्षेप कर जल्द बकाया वेतन जारी कराने की मांग की है। वहीं प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि मामले की जानकारी ली जा रही है और संबंधित विभाग से रिपोर्ट मांगी गई है।
आशा बहुओं का फूटा गुस्सा, तीन महीने से वेतन न मिलने पर डीएम से लगाई गुहार


