शिक्षा और संस्कारों की मिसाल बन रही मेजर एसडी सिंह यूनिवर्सिटी
फर्रुखाबाद। मेजर एसडी सिंह यूनिवर्सिटी में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भव्य एवं गरिमामयी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। समारोह का शुभारंभ विश्वविद्यालय के प्रेरणास्रोत एवं 89 वर्षीय महान शिक्षाविद दद्दू जी ने किया। उम्र के इस पड़ाव पर भी शिक्षा और समाजसेवा के प्रति उनका समर्पण समारोह में मौजूद लोगों के लिए प्रेरणा का विषय रहा।
दद्दू जी ने जीवनभर शिक्षा को समाज के विकास का सबसे मजबूत आधार माना। उनकी दूरदृष्टि और शिक्षा के प्रति समर्पण से प्रेरित होकर उनके पुत्र एवं विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. अनार सिंह ने मेजर एसडी सिंह यूनिवर्सिटी की स्थापना की। विश्वविद्यालय की स्थापना का उद्देश्य क्षेत्र के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना और उन्हें आधुनिक शिक्षा के साथ संस्कार एवं सामाजिक जिम्मेदारी से जोड़ना रहा है।
समय के साथ विश्वविद्यालय निरंतर विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है। विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर शैक्षिक वातावरण और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रति कुलाधिपति डॉ. अंचल सिंह लगातार प्रयासरत रहते हैं। विश्वविद्यालय में शिक्षा की गुणवत्ता के साथ विद्यार्थियों की सुविधा, अनुशासन, खेल, सांस्कृतिक गतिविधियों और व्यक्तित्व विकास पर भी विशेष ध्यान दिए जाने से संस्थान की अलग पहचान बन रही है।
स्वतंत्रता दिवस समारोह में ध्वजारोहण, राष्ट्रगान, देशभक्ति गीतों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और विभिन्न कार्यक्रमों ने माहौल को देशभक्ति से सराबोर कर दिया। विद्यार्थियों ने उत्साह और उमंग के साथ प्रतिभाग किया। परिसर में तिरंगे की शान और देशभक्ति के नारों के बीच स्वतंत्रता दिवस का उत्सव पूरे उत्साह के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम में सीएमओ सहित स्वास्थ्य एवं प्रशासनिक विभाग के कई अधिकारी भी पहुंचे। अतिथियों ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि देश की आजादी का वास्तविक अर्थ तभी सार्थक होगा, जब युवा शिक्षा, अनुशासन और राष्ट्रसेवा को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं।
समारोह में विश्वविद्यालय के शिक्षक, विद्यार्थी, कर्मचारी एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे। 89 वर्षीय दद्दू जी के हाथों कार्यक्रम का शुभारंभ जहां विश्वविद्यालय की शिक्षा परंपरा और मूल्यों का प्रतीक बना, वहीं कुलाधिपति डॉ. अनार सिंह की दूरदृष्टि और प्रति कुलाधिपति डॉ. अंचल सिंह के निरंतर प्रयासों ने संस्थान को शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों की ओर ले जाने का संकल्प भी दिखाई दिया।
समारोह का समापन राष्ट्रप्रेम, शिक्षा और समाज के प्रति जिम्मेदारी का संदेश देते हुए हुआ। उपस्थित लोगों ने विश्वविद्यालय परिवार को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं और संस्थान के निरंतर विकास की कामना की।


