– सीएम योगी का बड़ा फैसला
लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा में शामिल होने जा रहे लाखों युवाओं को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ी राहत दी है। प्रदेश सरकार ने आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों की भर्ती परीक्षा में सम्मिलित होने वाले अभ्यर्थियों के लिए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) की बसों में किराए पर 50 प्रतिशत छूट देने का निर्णय लिया है।
मुख्यमंत्री के इस फैसले से प्रदेश के दूरदराज जिलों से परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने वाले अभ्यर्थियों को आर्थिक राहत मिलेगी। विशेष रूप से ऐसे अभ्यर्थियों को फायदा होगा जिन्हें परीक्षा देने के लिए सैकड़ों किलोमीटर की यात्रा करनी पड़ती है।
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा आयोजित यह भर्ती परीक्षा 8, 9 और 10 जून को दो पालियों में आयोजित की जाएगी। प्रदेश भर में आयोजित इस परीक्षा में लगभग 29 लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने की संभावना है। इतनी बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के आवागमन को देखते हुए सरकार ने यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि प्रदेश सरकार युवाओं को पारदर्शी, निष्पक्ष और सुविधाजनक भर्ती प्रक्रिया उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उनका मानना है कि आर्थिक कारणों से किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा में शामिल होने में कठिनाई नहीं होनी चाहिए। इसी सोच के तहत रोडवेज बसों में किराए में आधी छूट देने का निर्णय लिया गया है।
सरकारी आदेश के अनुसार परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थी अपना प्रवेश पत्र दिखाकर उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की बसों में 50 प्रतिशत रियायती किराए का लाभ प्राप्त कर सकेंगे। यह सुविधा परीक्षा अवधि के दौरान लागू रहेगी और केवल परीक्षा में सम्मिलित होने वाले अभ्यर्थियों को ही उपलब्ध होगी।
प्रदेश सरकार के इस निर्णय को युवाओं के हित में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। हाल के वर्षों में भर्ती परीक्षाओं के दौरान अभ्यर्थियों को यात्रा, आवास और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता रहा है। ऐसे में सरकार का यह फैसला लाखों परिवारों पर पड़ने वाले आर्थिक बोझ को कम करेगा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि परीक्षा का आयोजन पूरी पारदर्शिता, सुरक्षा और शुचिता के साथ किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा, यातायात, पेयजल, चिकित्सा सहायता और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
राजनीतिक और प्रशासनिक दृष्टि से भी यह निर्णय महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रदेश में युवाओं और प्रतियोगी छात्रों की बड़ी संख्या को देखते हुए सरकार लगातार भर्ती प्रक्रियाओं को सरल और सुविधाजनक बनाने का प्रयास कर रही है। 29 लाख अभ्यर्थियों को सीधे प्रभावित करने वाला यह निर्णय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की युवा केंद्रित नीतियों का एक और उदाहरण माना जा रहा है।
परीक्षा की तैयारियों के बीच अभ्यर्थियों में इस फैसले को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। उनका कहना है कि यात्रा खर्च में मिलने वाली यह राहत परीक्षा के दौरान काफी मददगार साबित होगी और सरकार के प्रति सकारात्मक संदेश भी देगी।


