गया: बिहार के गया जिले में अवैध बालू खनन (illegal sand mining) के खिलाफ प्रशासन ने अपनी कमर कस ली है। जिले के बेलागंज थाना क्षेत्र अंतर्गत बरैनी घाट पर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बालू माफियाओं के मंसूबों पर पानी फेर दिया। वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के कड़े निर्देश पर की गई इस छापेमारी में पुलिस ने 11 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को जब्त किया है। इस अचानक हुई कार्रवाई से खनन स्थल पर अफरा-तफरी मच गई और कई धंधेबाज मौके से फरार होने में सफल रहे।
अवैध खनन की गुप्त सूचना मिलने के बाद, अभियान का कमान खुद डीएसपी (विधि-व्यवस्था) रवि प्रकाश सिंह ने संभाली। इस विशेष टीम में बेलागंज, चंदौती, मेन थाना और पाई बिगहा थाना की पुलिस को शामिल किया गया था। पुलिस टीम ने बरैनी घाट को चारों ओर से घेर लिया, जिससे बालू माफियाओं को संभलने का मौका नहीं मिला। जैसे ही पुलिस की गाड़ियां घाट पर पहुंचीं, वहां अवैध लोडिंग कर रहे ड्राइवरों और मजदूरों के बीच भगदड़ मच गई।
पुलिस की मुस्तैदी देख कई ड्राइवर अपने ट्रैक्टरों को चालू हालत में ही छोड़कर झाड़ियों और रास्तों का फायदा उठाकर भाग निकले। मौके पर मौजूद 11 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया, जो पूरी तरह बालू से लदे हुए थे और बाजार में खपाने के लिए निकलने ही वाले थे। पुलिस अब जब्त किए गए वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर उनके मालिकों की पहचान करने में जुटी है।
वरीय पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। जब्त वाहनों पर नियमानुसार भारी जुर्माना लगाने के साथ-साथ संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। लंबे समय से स्थानीय ग्रामीणों द्वारा बरैनी घाट पर अवैध खनन की शिकायतें मिल रही थीं, जिससे न केवल राजस्व की क्षति हो रही थी, बल्कि पर्यावरण को भी नुकसान पहुंच रहा था।
इस सफल कार्रवाई के बाद गया के अन्य बालू घाटों पर भी सन्नाटा पसर गया है। पुलिस प्रशासन ने कड़ा संदेश दिया है कि अवैध खनन को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आने वाले दिनों में जिले के अन्य संवेदनशील इलाकों में भी इसी तरह की छापेमारी की योजना बनाई गई है ताकि बालू के अवैध कारोबार की कमर तोड़ी जा सके।


