शाहजहांपुर। पुलिस लाइन स्थित परिवार परामर्श केंद्र में मंगलवार को आयोजित सुनवाई के दौरान एक टूटते हुए रिश्ते को नया जीवन मिला। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में आयोजित इस परामर्श सत्र में कुल 20 मामलों की सुनवाई की गई, जिनमें से एक दम्पति आपसी सहमति से पुनः साथ रहने को तैयार हो गया।
जानकारी के अनुसार, थाना गढ़िया रंगीन क्षेत्र का एक दम्पति, जिसका विवाह करीब 10 वर्ष पूर्व हुआ था, पिछले कुछ समय से पारिवारिक विवाद के चलते अलग रह रहा था। पत्नी बीते दो माह से अपने मायके में रह रही थी और उसने अपने पति पर शक करने व शराब के नशे में मारपीट करने के आरोप लगाए थे।
परिवार परामर्श केंद्र में दोनों पक्षों को बुलाकर विस्तार से बातचीत कराई गई। परामर्शदाताओं ने धैर्यपूर्वक दोनों की समस्याएं सुनीं और आपसी समझ-बूझ से समाधान निकालने का प्रयास किया। बातचीत के बाद दोनों पक्षों ने अपनी गलतियों को स्वीकारते हुए रिश्ते को एक और मौका देने का निर्णय लिया।
अंततः दम्पति ने आपसी सहमति से समझौता कर लिया और साथ रहने के लिए राजी हो गए। केंद्र से दोनों को सकुशल विदा किया गया।
इस अवसर पर परामर्शदाता अंशुल रजानी, महिला आरक्षी मोनिका कुमारी, बबीता तथा आरक्षी साकेत की मौजूदगी रही।
निष्कर्ष:
परिवार परामर्श केंद्र की यह पहल एक बार फिर साबित करती है कि संवाद और समझदारी से बड़े से बड़ा पारिवारिक विवाद भी सुलझाया जा सकता है।
शाहजहांपुर। पुलिस लाइन स्थित परिवार परामर्श केंद्र में मंगलवार को आयोजित सुनवाई के दौरान एक टूटते हुए रिश्ते को नया जीवन मिला


