राजभर बोले- ग्राम प्रधान की अगुवाई में प्रशासक नियुक्त करने का प्रस्ताव सरकार को भेजा
गाजीपुर। ओम प्रकाश राजभर ने पंचायत चुनाव को लेकर बड़ा संकेत देते हुए कहा है कि यदि समय पर त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव नहीं हो पाते हैं तो ग्राम प्रधानों के नेतृत्व में प्रशासक नियुक्त किए जा सकते हैं। पंचायती राज विभाग की ओर से इस संबंध में प्रस्ताव मुख्यमंत्री को भेजा गया है और अगले एक-दो दिनों में इस पर फैसला लिया जा सकता है।
पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर शुक्रवार को गाजीपुर जिले के मरदह क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण कार्य के शिलान्यास कार्यक्रम में पहुंचे थे। पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि विभाग चाहता है कि गांवों में विकास कार्य प्रभावित न हों, इसलिए ग्राम प्रधानों की अगुवाई में प्रशासनिक व्यवस्था जारी रखने पर विचार किया जा रहा है।
इस दौरान मंत्री राजभर ने मऊ विधायक अब्बास अंसारी को लेकर भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने साफ कहा कि अब्बास अंसारी समाजवादी पार्टी के विधायक हैं, जो सुभासपा के चुनाव चिह्न पर जीते थे, लेकिन भविष्य में उन्हें पार्टी से दोबारा टिकट नहीं दिया जाएगा।राजभर ने समाजवादी पार्टी पर भी जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पीडीए का मतलब “परिवार विकास प्राधिकरण” है, जहां ‘पी’ परिवार, ‘डी’ डिंपल और ‘ए’ अखिलेश यादव के लिए इस्तेमाल हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी की सरकार में भर्ती प्रक्रिया में भारी गड़बड़ियां होती थीं और कुछ लोग ही पूरे सिस्टम को नियंत्रित करते थे।
राजनीतिक गलियारों में राजभर के इस बयान को पंचायत चुनाव और आने वाले राजनीतिक समीकरणों से जोड़कर देखा जा रहा है। पंचायत चुनाव में देरी की संभावना के बीच यह बयान गांव की सत्ता व्यवस्था को लेकर नई चर्चा छेड़ गया है।


