अमृतपुर, फर्रुखाबाद: बरसात के मौसम के साथ अमृतपुर क्षेत्र में बुखार और त्वचा संबंधी बीमारियों का प्रकोप तेजी से बढ़ता जा रहा है। मुजहा, परतापुर, जटपुरा, खजुरिया समेत आसपास के कई गांवों में बड़ी संख्या में लोग तेज बुखार, खुजली, त्वचा संक्रमण और अन्य मौसमी बीमारियों की चपेट में हैं। बच्चों में फुंसियां और फुड़ियां निकलने के मामलों में भी लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है, जिससे ग्रामीणों में चिंता का माहौल बना हुआ है।सोमवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) अमृतपुर में मरीजों की भारी भीड़ उमड़ी। डॉ. गौरव वर्मा के नेतृत्व में कुल 163 मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और सभी को आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई गईं। ओपीडी में सबसे अधिक मरीज बुखार, खुजली, त्वचा संक्रमण और मौसमी बीमारियों से पीड़ित पाए गए।चिकित्सकों ने मरीजों को समय पर दवा लेने, स्वच्छ पेयजल का उपयोग करने, आसपास साफ-सफाई बनाए रखने, जलभराव से बचने तथा मच्छरों से बचाव के लिए मच्छरदानी और अन्य सुरक्षा उपाय अपनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि मौसम में थोड़ी भी लापरवाही बीमारी को गंभीर रूप दे सकती है।ग्रामीण सुरजीत, योगेश, अर्जुन, शिल्पी, राहुल और सरोजिनी सहित अन्य लोगों ने बताया कि कई गांवों में एक ही परिवार के कई सदस्य बुखार और त्वचा रोगों से प्रभावित हैं। बच्चों में तेज बुखार के साथ शरीर पर फुंसियां और फुड़ियां निकलने की शिकायतें लगातार बढ़ रही हैं। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से प्रभावित गांवों में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाने, दवा का छिड़काव कराने और साफ-सफाई की व्यापक व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।पीएचसी पर डॉ. गौरव वर्मा के साथ लैब टेक्नीशियन पवन कुमार, फार्मासिस्ट अरविंद कुमार, एएनएम मीना सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मियों ने मरीजों की जांच, परामर्श और दवा वितरण की व्यवस्था संभाली।स्वास्थ्य विभाग ने आमजन से अपील की है कि बुखार, खुजली या त्वचा संबंधी किसी भी प्रकार के लक्षण दिखाई देने पर घरेलू उपचार या झोलाछाप चिकित्सकों के भरोसे न रहें, बल्कि तत्काल नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर चिकित्सकीय परामर्श लें, ताकि बीमारी का समय रहते उपचार हो सके और संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।
बरसात में बढ़ा बुखार और त्वचा रोगों का प्रकोप, पीएचसी अमृतपुर में 163 मरीजों का उपचार


