काठमांडू: नेपाल (Nepal) में विनाशकारी अचानक आई बाढ़ (flood) के बाद अब कीमती सामानों की बरामदगी और चोरी को लेकर नया संकट खड़ा हो गया है। बाढ़ के पानी में बहकर आए सोने-चांदी, नकदी, दस्तावेज और अन्य कीमती वस्तुओं को अपने पास रखने या बेचने की घटनाओं के बीच नेपाल पुलिस ने रविवार को देशव्यापी चेतावनी जारी की है।
नेपाल पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि बाढ़ या आपदा के दौरान मिली किसी भी नकदी, आभूषण, दस्तावेज या अन्य कीमती सामान को तुरंत नजदीकी पुलिस थाने में जमा कराया जाए। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ऐसी वस्तुओं को अपने पास रखना, छिपाना या बेचने की कोशिश करना कानूनी कार्रवाई का कारण बन सकता है।
पुलिस की यह चेतावनी धादिंग जिले में सामने आए एक गंभीर मामले के बाद जारी की गई है। बाढ़ के तेज बहाव में एक बैंक की सुरक्षित तिजोरी बहकर बेल्खुखोला में त्रिशूली नदी के किनारे पहुंच गई थी।
ग्रामीणों ने कथित तौर पर तिजोरी को कटर समेत अन्य उपकरणों की मदद से तोड़ दिया और उसमें रखी नकदी निकालकर अपने पास रख ली। मामले में नेपाल पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अब तक 29 लोगों को गिरफ्तार किया है।
नेपाल पुलिस ने कहा कि प्राकृतिक आपदा के दौरान सुरक्षा बल और राहत एजेंसियां बचाव एवं खोज अभियान में व्यस्त रहती हैं। ऐसे हालात में चोरी, लूटपाट और धोखाधड़ी जैसी घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। पुलिस ने लोगों से कानून हाथ में न लेने और बरामद सामान उसके वास्तविक मालिक तक पहुंचाने में सहयोग करने की अपील की है।
26 अगस्त को नेपाल-तिब्बत सीमा के पास ग्लेशियर टूटने के बाद भोटेकोशी नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया था। इससे उत्तरी और मध्य नेपाल के कई इलाके बुरी तरह प्रभावित हुए। इस भीषण आपदा में 1,300 से अधिक लोगों की मौत और 5,000 से ज्यादा लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई है। लापता लोगों में सैकड़ों भारतीय नागरिक भी शामिल बताए जा रहे हैं।


