– 16 जुलाई से कृषि यंत्रों की बुकिंग, 22 जुलाई से पशुओं का टीकाकरण अभियान
फर्रुखाबाद। विकास भवन सभागार में मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित किसान दिवस में जिले भर से आए किसानों ने कृषि, मंडी व्यवस्था, पशुपालन और सरकारी योजनाओं से जुड़े विभिन्न मुद्दे उठाए। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को उनका समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला कृषि अधिकारी ने किसानों एवं विभागीय अधिकारियों का स्वागत कर किया। उन्होंने बताया कि जनपद के सभी राजकीय कृषि बीज भंडारों पर विभिन्न फसलों के बीज पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। किसान ऑनलाइन बुकिंग के माध्यम से 50 प्रतिशत अनुदान पर बीज प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि कृषि यंत्रों पर अनुदान के लिए 16 जुलाई 2026 से ऑनलाइन बुकिंग प्रारंभ होगी, जिसका लाभ पात्र किसान उठा सकेंगे।
उप कृषि निदेशक ने किसानों से फार्मर रजिस्ट्री कराने, खरीफ फसलों का समय से फसल बीमा कराने तथा मृदा परीक्षण रिपोर्ट के आधार पर संतुलित उर्वरकों का उपयोग करने की अपील की। उन्होंने बताया कि फसल बीमा की अंतिम तिथि 31 जुलाई निर्धारित है। साथ ही हरित खाद, वर्मी कम्पोस्ट एवं सड़ी हुई गोबर की खाद के उपयोग पर बल देते हुए प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और मृदा स्वास्थ्य सुधार का संदेश दिया।
किसान दिवस में प्रगतिशील किसानों ने भी अपने सुझाव रखे। किसानों ने सरकारी मंडियों में तौल व्यवस्था को पारदर्शी बनाने तथा अनाज की तौल में होने वाली अनियमितताओं की जांच कर कार्रवाई की मांग की। पशुपालकों ने बरसात के मौसम में पशुओं में फैलने वाले संक्रामक रोगों की रोकथाम के लिए समयबद्ध टीकाकरण अभियान चलाने की आवश्यकता जताई।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी ने बताया कि 22 जुलाई 2026 से जनपद की सभी ग्राम पंचायतों में पशुओं के लिए विशेष टीकाकरण अभियान चलाया जाएगा, जिससे उन्हें संक्रामक बीमारियों से सुरक्षित रखा जा सके।
बैठक के समापन पर मुख्य विकास अधिकारी ने किसानों से फार्मर रजिस्ट्री अनिवार्य रूप से कराने तथा आधार, बैंक खाते और मोबाइल नंबर को आपस में लिंक कराने का आह्वान किया, ताकि उन्हें शासन की सभी योजनाओं का लाभ बिना किसी बाधा के समय पर मिल सके। उन्होंने मृदा परीक्षण संबंधी कार्यशालाएं आयोजित करने के निर्देश भी दिए और किसान दिवस में प्राप्त सभी शिकायतों के शीघ्र एवं प्रभावी निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।


