औरैया
जनपद के रुरुगंज क्षेत्र से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां आलू की फसल में भारी नुकसान से मानसिक रूप से परेशान एक युवा किसान ने आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद गांव में शोक की लहर दौड़ गई है, वहीं परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अछल्दा-बिधूना मार्ग के पास स्थित ग्राम जुगराजपुर निवासी लगभग 28 वर्षीय संदीप दोहरे मंगलवार दोपहर अपने खेत पर गेहूं की फसल काटने के लिए गए थे। देर शाम तक जब वह घर वापस नहीं लौटे तो परिजनों को चिंता हुई। परिजन उन्हें खोजते हुए खेतों की ओर पहुंचे, जहां पुरहा नदी के पास उनके खेत में एक पेड़ से उनका शव लटका मिला। यह दृश्य देखकर परिजनों के होश उड़ गए और परिवार में कोहराम मच गया।
बताया जा रहा है कि संदीप दोहरे पिछले कुछ समय से आलू की फसल में हुए भारी नुकसान के कारण आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव से जूझ रहे थे। फसल खराब होने से उन्हें बड़ा घाटा उठाना पड़ा था, जिससे वह काफी परेशान रहने लगे थे। आशंका जताई जा रही है कि इसी तनाव के चलते उन्होंने यह कदम उठाया।
घटना की सूचना मिलते ही रुरुगंज पुलिस चौकी की टीम मौके पर पहुंची और शव को पेड़ से नीचे उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और परिजनों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।
इस हृदयविदारक घटना ने एक बार फिर किसानों की आर्थिक स्थिति और फसल नुकसान के संकट को उजागर कर दिया है। क्षेत्र के ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते किसानों को उचित सहायता और मुआवजा मिल जाए तो इस तरह की दुखद घटनाओं को रोका जा सकता है।
प्रशासन से मांग की जा रही है कि पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दी जाए और किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में कोई किसान इस तरह का आत्मघाती कदम उठाने को मजबूर न हो।


