फर्रुखाबाद। ग्राम माधोपुर स्थित गौशाला की ओर जाने वाली टूटी-फूटी सड़क निर्माण कराने की मांग पर से क्षेत्रीय निवासियों ने उठाई है।
पिछले दिनों गौरक्षणी सभा के संरक्षक डॉक्टर हरि दत्त द्विवेदी व सभा के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया था लेकिन सुनवाई नहीं हुई।ज्ञापन में कहा गया कि विकास खण्ड बढ़पुर में ग्राम माधौपुर में भारतीय संस्कृति के बहुत ही प्राचीन स्थल हैं, टोकाघाट पर प्राचीन शिव मंदिर है, पंचायत भवन है उसके ही सामने वर्ष 1907 से लगातार निरंतर गौमाता की सेवा में श्री गौरक्षिणी सभा गौशाला है, यहाँ 200 गौवंश संरक्षित है जो कि प्राचीन समय से गौशाला में पुलिस प्रशासन द्वारा पकड़े हुये हैं।
बताते चलें कि प्राचीन काल में गंगा तट पर यहाँ से मानसरोवर यात्रा भी निकलती थी, पर्यटन विभाग के लिये बहुत ही पुरातत्व स्थल है, गौशाला के सामने प्राचीन विश्रांते हैं एवं छोटे बच्चों का प्राथमिक विद्यालय है, रास्ते में साध समाज का एकमात्र कब्रिस्तान भी है, गौशाला में समस्त समाज के लोगों के द्वारा स्वयं के सहयोग से निरंतर गौमाता का भरण पोषण हो रहा है। इधर जाने वाले मार्ग में बहुत ज्यादा कीचड़, पानी भरा रहता है ऊँची नीची मिट्टी है जिसकी वजह से गौ सेवक, सामान्य जन, समस्त नगरवासियों को गौसेवा और एतिहासिक स्थलों के दर्शन करने जाने में काफी कठिनाई का सामना करना पडता है, रास्ते में लोग गिर जाते हैं, चोट लगने का भय बना रहता है।
क्षेत्रीय निवासियों ने कहा कि ग्राम माधौपुर में शनिदेव मंदिर से श्री गौरक्षिणी सभा गौशाला तक (लगभग 500 मीटर) जाने वाले मार्ग पर पक्की सड़क और दोनों तरफ पक्की नाली का निर्माण करवाने की मांग की है।


