शराब दुकान विवाद से शुरू हुआ मामला, अब निर्दोष युवकों को फंसाने के आरोप; ग्रामीणों में भारी आक्रोश
अमृतपुर फर्रुखाबाद
थाना राजेपुर क्षेत्र के ग्राम चाचूपुर में बीते दिनों कंपोजिट शराब की दुकान को लेकर हुआ विवाद अब राजनीतिक रंग लेता दिखाई दे रहा है। घटना के बाद गांव में भारी पुलिस बल तैनात है और लगातार कार्रवाई जारी है, लेकिन अब ग्रामीणों ने पूरे मामले को राजनीतिक साजिश बताते हुए बड़ा आरोप लगाया है।
ग्रामीणों का कहना है कि शराब की दुकान खुलने को लेकर गांव में पहले से नाराजगी थी। विरोध प्रदर्शन और तनाव के दौरान आगजनी, तोड़फोड़ और हंगामे की घटनाएं सामने आई थीं, जिसके बाद पुलिस ने कई लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। पुलिस द्वारा लगातार दबिश दी जा रही है और कई युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
इसी बीच गांव के लोगों ने आरोप लगाया है कि कुछ प्रभावशाली और राजनीतिक महत्वाकांक्षा रखने वाले लोग निजी रंजिश और राजनीति चमकाने के लिए निर्दोष नवयुवकों के नाम पुलिस को दे रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जिन लड़कों का घटना से कोई लेना-देना नहीं था, उन्हें भी डर और दबाव का माहौल बनाकर फंसाया जा रहा है।
ग्रामीणों के अनुसार, घटना के बाद गांव का माहौल पूरी तरह बदल गया है। कई परिवारों में भय का वातावरण है और युवक गांव छोड़कर रिश्तेदारों के यहां शरण लेने को मजबूर हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष कराई जाए और केवल साक्ष्यों के आधार पर ही कार्रवाई हो।
वहीं पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की जांच गंभीरता से की जा रही है। किसी भी निर्दोष व्यक्ति पर कार्रवाई नहीं होगी तथा जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कठोर कानूनी कदम उठाए जाएंगे। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार पुलिस गश्त की जा रही है।


