लखनऊ। उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की सभा के बाद मंच के कथित शुद्धीकरण को लेकर उत्तर प्रदेश की सियासत भी गरमा गई है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस मामले को सामाजिक भेदभाव से जोड़ते हुए भाजपा पर तीखा हमला बोला है। अखिलेश ने कहा कि दलित समाज से आने वाले खड़गे के संबोधन के बाद मंच का शुद्धीकरण किया जाना सामाजिक भेदभाव का निकृष्टतम रूप है।
अखिलेश यादव ने गुरुवार को टिप्पणी करते हुए कहा कि हल्द्वानी में जिस मंच पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का संबोधन हुआ, उसका कुछ लोगों ने केवल इसलिए शुद्धीकरण किया क्योंकि खड़गे दलित समाज से आते हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा और उसके साथियों को मंच नहीं, बल्कि अपने कलुषित मन का गंगाजल से शुद्धीकरण करना चाहिए।
सपा अध्यक्ष ने घटना को सामाजिक समानता और सम्मान से जोड़ते हुए कहा कि एक तरफ समरसता की बात की जाती है, वहीं दूसरी तरफ ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि समानता को स्वीकार न करने वाली इस मानसिकता पर तथाकथित समरसता की बात करने वाले लोग अब कहां हैं।
अखिलेश ने अपने बयान में पीडीए समाज को भी संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सामाजिक दुर्व्यवहार और मानसिक उत्पीड़न की ऐसी घटनाओं का पीडीए समाज एकजुट होकर जवाब देगा। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पीडीए समाज अब अपना अपमान सहने के मूड में नहीं है।
क्या है पूरा मामला
मामला आठ अगस्त को हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुई कांग्रेस की सभा से जुड़ा है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने यहां सभा को संबोधित किया था। इसके बाद भाजपा कार्यकर्ताओं की ओर से मैदान में हवन-यज्ञ किए जाने और गंगाजल का छिड़काव कर कथित शुद्धीकरण किए जाने की खबर सामने आई।
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। भाजपा ने सभा के दौरान कथित धार्मिक नारे लगाए जाने को लेकर कांग्रेस पर सवाल उठाए, जबकि कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे राजनीतिक साजिश बताया है। कांग्रेस की ओर से यह दावा भी किया गया है कि प्रसारित वीडियो कृत्रिम बुद्धिमत्ता के माध्यम से तैयार किया गया है।
राज्यसभा में भी उठा मामला
विवाद अब संसद तक पहुंच गया है। मल्लिकार्जुन खड़गे ने राज्यसभा में हल्द्वानी की घटना का मुद्दा उठाते हुए इसे अपने लिए अपमानजनक बताया। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने भी घटना को गंभीर बताते हुए इसकी निंदा की और जांच की बात कही।


