ईएलसी-2.0 और ईसीआईनेट सम्मेलन में बोले सीईसी
– बीएलओ लोकतंत्र की आधारशिला
– युवाओं की भागीदारी से मजबूत होगा लोकतंत्र
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के दो दिवसीय दौरे पर आए भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने सोमवार को लखनऊ में विद्यार्थियों और निर्वाचन व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों के साथ संवाद किया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए युवाओं को निर्वाचन प्रक्रिया की सही जानकारी देना और उन्हें सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना जरूरी है।
कॉल्विन तालुकदार्स कॉलेज के अवध सभागार में विद्यार्थियों से संवाद के दौरान ज्ञानेश कुमार ने अपने छात्र जीवन की यादें साझा कीं। उन्होंने युवाओं को पढ़ाई के साथ खेलकूद में भी सक्रिय रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि विद्यालय और उनके गुरु उनके जीवन की सफलता में महत्वपूर्ण रहे हैं।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने विद्यार्थियों को ईवीएम को लेकर भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भारतीय ईवीएम सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों द्वारा निर्मित की जाती हैं और इंटरनेट, ब्लूटूथ अथवा वाई-फाई से जुड़ी नहीं होतीं। उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली भ्रामक सूचनाओं से सावधान रहने और किसी भी खबर को साझा करने से पहले उसके स्रोत और सत्यता की जांच करने की अपील की।
ज्ञानेश कुमार ने संविधान के अनुच्छेद 326 का उल्लेख करते हुए 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं से मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज कराने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवा देश के लोकतांत्रिक भविष्य की सबसे बड़ी ताकत हैं। युवाओं को स्वयं मतदान के लिए आगे आने के साथ परिवार और आसपास के लोगों को भी जागरूक करना चाहिए।
इसके बाद इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के जुपिटर हॉल में चुनावी साक्षरता क्लब (ईएलसी) 2.0 और ईसीआईनेट पर क्षेत्रीय सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में 20 जिलों के निर्वाचन अधिकारियों, विद्यालय एवं महाविद्यालयों के प्रतिनिधियों तथा करीब 1500 विद्यार्थियों और शिक्षकों ने भाग लिया। ईएलसी-2.0 के माध्यम से युवाओं और भावी मतदाताओं को निर्वाचन प्रक्रिया, मतदाता पंजीकरण, नैतिक मतदान और लोकतांत्रिक जिम्मेदारियों से जोड़ने पर जोर दिया गया।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने कहा कि उत्तर प्रदेश के विद्यालयों और विश्वविद्यालयों में निर्वाचन प्रक्रिया तथा उसकी पारदर्शिता को समझाने के लिए आगे भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने अपने लखनऊ दौरे को अपनी पुरानी कर्मभूमि से जुड़ा अवसर बताते हुए कहा कि बूथ लेवल अधिकारी लोकतंत्र की आधारशिला हैं।
दौरे के दूसरे दिन 25 अगस्त को ज्ञानेश कुमार लखनऊ और आसपास के जिलों के करीब 500 बूथ लेवल अधिकारियों से सीधा संवाद करेंगे। मतदाता सूची को अद्यतन रखने, पात्र मतदाताओं को जोड़ने तथा मृत अथवा स्थानांतरित मतदाताओं की प्रविष्टियों के सत्यापन में बीएलओ की भूमिका पर चर्चा होगी।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने उत्तर प्रदेश के मतदाताओं से मतदान प्रतिशत बढ़ाने की अपील करते हुए पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में दर्ज 93.7 प्रतिशत मतदान के रिकॉर्ड को पार करने का आह्वान भी किया।


