42 C
Lucknow
Friday, June 12, 2026

अमर शहीद राम प्रसाद बिस्मिल की जयंती पर जनतंत्र क्रांतिकारी मोर्चा ने किया नमन

Must read

युवाओं से राष्ट्रभक्ति और त्याग की भावना अपनाने का आह्वान
फर्रुखाबाद। आजादी के महानायक एवं काकोरी कांड के प्रमुख सूत्रधार अमर शहीद राम प्रसाद बिस्मिल की जयंती पर जनतंत्र क्रांतिकारी मोर्चा ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके आदर्शों को आत्मसात करने का आह्वान किया। संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि बिस्मिल का जीवन त्याग, साहस और राष्ट्रप्रेम का अद्वितीय उदाहरण है, जिससे आज की पीढ़ी को प्रेरणा लेने की आवश्यकता है।
मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष उत्तम कुमार मिश्रा ने कहा कि पड़ोसी जनपद शाहजहांपुर में जन्मे राम प्रसाद बिस्मिल ने भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने काकोरी कांड के माध्यम से अंग्रेजी शासन की नींव को चुनौती दी और क्रांतिकारी संगठन की गतिविधियों को मजबूत किया। बिस्मिल ने अपने साथियों के साथ मिलकर देश की स्वतंत्रता के लिए संघर्ष किया और युवाओं में राष्ट्रभक्ति की अलख जगाई।
उन्होंने कहा कि अमर शहीद चंद्रशेखर आजाद सहित अनेक क्रांतिकारियों के साथ बिस्मिल ने देश को आजाद कराने के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। मात्र 30 वर्ष की आयु में वर्ष 1927 में उन्हें फांसी दे दी गई, लेकिन उनके विचार और बलिदान आज भी देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत बने हुए हैं।
उत्तम मिश्रा ने कहा कि बिस्मिल की अमर पंक्तियां “सरफरोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है, देखना है जोर कितना बाजुए कातिल में है” आज भी देशभक्ति की भावना को प्रज्ज्वलित करती हैं और युवाओं को राष्ट्रहित में समर्पित होकर कार्य करने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कहा कि देश की आजादी को बनाए रखने और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए प्रत्येक नागरिक को अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहना चाहिए।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article