-देश के नामी कव्वाल उर्स में करेंगे शिरकत, बिखेरेंगे फन का जादू
उरई : जनपद जालौन ही नहीं पूरे बुन्देलखण्ड में हिन्दू-मुस्लिम एकता के प्रतीक माने जाने वाले सूफी परम्परा के अजीम बुजुर्ग
हजरत बेरी वाले बाबा के सालाना उर्स की तैयारियां जोरो पर चल रही है। आगामी एक जून से चादरपोशी की रस्म के साथ दो दिवसीय उर्स की बज़्म महफ़िले समां से शुरू होगी। इसके बाद बाबा के शागिर्दों द्वारा आयोजित कार्यक्रमों की कड़ी में तीन तारीख को इसका समापन होगा। दो दिन तक चलने वाले इस उर्स की तैयारियों में पूरे जिले का हुजूम इकट्ठा है। पहले दिन महफ़िले समां की शुरुआत हाफिज इमरान फैजी कुरआन की तिलावत से करेंगे। उर्स कमेटी के प्रभारी अध्यक्ष कोस्तुब चतुर्वेदी ने बताया कि उर्स की रात की बज्मों में पहले व दूसरे दिन मशहूर कव्वालो में अजीम नाजा पुना महाराष्ट्र, फैजान रजा अजमेरी, चांद कादरी व अनीस नवाब मुंबई कव्वाली पेश करेंगे। चीफ कंट्रोलर हाफिज अब्दुल जब्बार ने बताया कि हजरत बेरी वाले बाबा के उर्स मुबारक पर बाबा की मजार को अदब और एहतराम के साथ सजाया जा रहा है। हिंदू-मुस्लिम एकता के प्रतीक माने जाने वाले इस कार्यक्रम की व्यवस्था में रिजवान खान कोषाध्यक्ष, नजम हाशमी, फिरोज खान, पप्पू पठान, जुबेर खान, टिंकू शताब्दी, लियाकत चिश्ती, रईस खान (कल्लू), अकील अहमद, आरिफ खान, हाफिज अकबर अली, सद्दाम नगर पालिका, फ़जील अहमद, सलामत चिश्ती, हाफिज फिरोज मिर्जा, चंदू मालबल सहयोग कर रहे है।
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