– शासन-प्रशासन पर दबाव बनाने के लिए हाईकोर्ट में 30 रिट दायर कर चुका
– डीएम एसपी समेत शासन के वरिष्ठ अधिकारियों को बनाता पार्टी ताकि ना हो सके खुद पर कार्यवाही
फर्रुखाबाद। कथित नॉन प्रैक्टिशनर वकील अवधेश मिश्रा अब आम जनमानस से ध्यान हटा कर शासन प्रशासन के उच्च अधिकारियों को ही निशाना बनाने लगा है उसने उच्च न्यायालय इलाहाबाद में उच्च अधिकारियों को अपने भय का निशाना बनाया है । शिकायतकर्ताओं ने उसे “कुख्यात शातिर” बताते हुए आरोप लगाया है कि वह शासन और प्रशासनिक अधिकारियों पर दबाव बनाने के लिए ईलाहाबाद हाई कोर्ट में लगातार रिट याचिकाएं दाखिल करता रहा है। दावा किया गया है कि अब तक वह उच्च अधिकारियों के खिलाफ करीब 30 रिट याचिकाएं दायर कर चुका है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि अभियुक्त अवधेश मिश्रा प्रशासनिक कार्रवाई से बचने और अधिकारियों को दबाव में लेने के लिए न्यायिक प्रक्रियाओं का कथित दुरुपयोग करता है। जिलास्तर से लेकर शासन स्तर तक अधिकारियों के खिलाफ लगातार शिकायतें, मुकदमे और रिट दाखिल कर भय का माहौल बनाने की बात कही गई है।
प्रत्यावेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि अवधेश मिश्रा का नाम कई आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है और वह कथित रूप से माफिया तथा गैंगस्टर नेटवर्क से जुड़ा रहा है। शिकायतकर्ताओं ने उसकी करोड़ों की संपत्तियों, शैक्षणिक संस्थानों और कथित अवैध कमाई की उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाई है।
मामले में यह भी कहा गया है कि फर्जी मुकदमों और शिकायतों के जरिए अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और अन्य लोगों पर दबाव बनाकर अवैध वसूली की जाती रही है। शिकायतकर्ताओं ने मुख्यमंत्री, जिलाधिकारी और हाईकोर्ट प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
हालांकि इन आरोपों की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और न ही अवधेश मिश्रा की ओर से कोई सार्वजनिक बयान सामने आया है। लेकिन इस शिकायत के बाद जिले के प्रशासनिक और राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।


