लखनऊ /अयोध्या।इक़बाल अंसारी ने एक बार फिर अपने बयान से चर्चा तेज कर दी है। अयोध्या में उन्होंने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग करते हुए कहा कि भारतीय मुसलमानों को भी गाय का सम्मान करना चाहिए, क्योंकि देश में गाय को ‘गौमाता’ के रूप में पूजा जाता है।
इकबाल अंसारी ने कहा कि “हम भारतीय मुसलमान हैं और हमें देश की आस्था और संस्कृति का सम्मान करना चाहिए। हिंदू समाज गाय को पूजनीय मानता है, इसलिए गाय की कुर्बानी बिल्कुल नहीं होनी चाहिए।” उन्होंने कहा कि सरकार को इस दिशा में गंभीर कदम उठाते हुए गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करना चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा कि गाय केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं है, बल्कि उसके दूध में औषधीय गुण भी पाए जाते हैं। अंसारी के मुताबिक गोमांस खाना उचित नहीं है और उनका दावा है कि इस्लाम भी इसकी इजाजत नहीं देता। उन्होंने लोगों से आपसी सद्भाव बनाए रखने और धार्मिक भावनाओं का सम्मान करने की अपील की।
अयोध्या में बाबरी मस्जिद-राम जन्मभूमि विवाद के प्रमुख पक्षकार रहे इकबाल अंसारी पहले भी कई बार हिंदू-मुस्लिम एकता और सामाजिक सौहार्द को लेकर बयान देते रहे हैं। उनके इस बयान को ऐसे समय में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जब देश में धार्मिक और सांस्कृतिक मुद्दों पर लगातार बहस जारी है।
हालांकि, उनके बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगी हैं। कुछ लोग इसे सामाजिक सौहार्द की पहल बता रहे हैं, तो कुछ इसे व्यक्तिगत राय मानकर देख रहे हैं। लेकिन इतना तय है कि अयोध्या से आया यह बयान राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।


