कानपुर
लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी और मौसम विभाग की चेतावनियों को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। जितेंद्र प्रताप सिंह ने सभी बोर्डों के प्री-प्राइमरी से लेकर कक्षा आठ तक के स्कूलों में 31 मई तक ग्रीष्म अवकाश घोषित कर दिया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। प्रशासन का कहना है कि बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है, क्योंकि प्रदेश में तापमान लगातार बढ़ रहा है और लू का खतरा गंभीर होता जा रहा है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जबकि इससे पहले ऑरेंज अलर्ट लागू था।
मंगलवार को चकेरी स्थित एयरफोर्स मौसम केंद्र में अधिकतम तापमान 44.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की मौसम वेधशाला के अनुसार दोपहर 12:30 बजे तापमान 44 डिग्री तक पहुंच गया और यह दोपहर तीन बजे तक इसी स्तर पर बना रहा। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक पिछले 24 घंटे में तापमान में और वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे हीट स्ट्रेस की स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है। दिन और रात दोनों के तापमान में बढ़ोतरी के कारण लोगों को राहत नहीं मिल पा रही है।
प्रदेश के एकीकृत मौसम पूर्वानुमान केंद्र के प्रभारी वरिष्ठ मौसम विज्ञानी डॉ. अतुल सिंह ने बताया कि जब दिन और रात दोनों समय तापमान लगातार बढ़ने लगता है, तो शरीर पर हीट स्ट्रेस बढ़ जाता है। ऐसी स्थिति में रेड अलर्ट जारी किया जाता है। वहीं सीएसए के नोडल एवं तकनीकी अधिकारी अजय मिश्रा ने बताया कि मंगलवार को अधिकतम तापमान सामान्य औसत से 3.8 डिग्री अधिक और न्यूनतम तापमान 1.5 डिग्री अधिक रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में भीषण लू का असर और बढ़ सकता है, इसलिए लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों के लिए एडवाइजरी भी जारी की है। रेड अलर्ट के दौरान लोगों को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक घर से बाहर न निकलने की सलाह दी गई है। पर्याप्त मात्रा में पानी, नींबू पानी और ओआरएस का सेवन करने को कहा गया है, ताकि शरीर में पानी की कमी न हो। साथ ही हल्के और ढीले सूती कपड़े पहनने तथा सिर को कपड़े या टोपी से ढककर रखने की सलाह दी गई है। डॉक्टरों ने बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सतर्कता बरतने को कहा है, क्योंकि अत्यधिक गर्मी उनके स्वास्थ्य पर गंभीर असर डाल सकती है।


