5 FIR दर्ज, हाईकोर्ट ने तत्काल सुनवाई से किया इनकार, जंतर-मंतर पर भारी पुलिस बल तैनात
नई दिल्ली। नीट पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेतृत्व में जंतर-मंतर पर चल रहा आंदोलन मंगलवार को भी जारी रहा। सोमवार को संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा, पथराव और पुलिस कार्रवाई के बाद दिल्ली पुलिस ने अब तक पांच एफआईआर दर्ज की हैं। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है, जबकि और भी मुकदमे दर्ज होने की संभावना जताई गई है।
मंगलवार सुबह से ही प्रदर्शनकारी फिर जंतर-मंतर पर जुटने लगे, जिसके चलते पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। दिल्ली-नोएडा बॉर्डर, डीएनडी फ्लाईवे और चिल्ला बॉर्डर सहित कई प्रमुख मार्गों पर लंबा जाम देखने को मिला। सुरक्षा के मद्देनज़र बॉर्डर क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाया गया।
इधर, जंतर-मंतर से संसद मार्च के दौरान पुलिस द्वारा कथित बल प्रयोग के खिलाफ दायर जनहित याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया। वहीं, आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पुलिस कार्रवाई में घायल हुए युवाओं से मिलने डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल पहुंचे। राज्यसभा में आप सांसदों ने भी पुलिस कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन किया।
सीजेपी ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने युवाओं के साथ बर्बर व्यवहार किया और आंदोलन को दबाने का प्रयास किया। पार्टी ने स्पष्ट किया कि उनका आंदोलन और संसद मार्च जारी रहेगा। दूसरी ओर, दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल कुछ दावों को भ्रामक बताते हुए कहा कि 12 वर्षीय बच्ची और कई लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की खबरें तथ्यात्मक नहीं हैं।
इस बीच, अनशन पर चल रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का नया स्वास्थ्य बुलेटिन भी जारी किया गया। डॉक्टरों के अनुसार उनके जरूरी स्वास्थ्य पैरामीटर फिलहाल स्थिर हैं, हालांकि ब्लड शुगर का स्तर सामान्य से कम बना हुआ है।
गौरतलब है कि सोमवार को संसद मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच कई जगह झड़प, पथराव, आंसू गैस और लाठीचार्ज की घटनाएं हुई थीं। पुलिस के अनुसार 118 पुलिसकर्मी और 60 प्रदर्शनकारी घायल हुए, जबकि 70 लोगों को हिरासत में लिया गया था। फिलहाल राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी है और प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है।


