अलीगढ़। सिविल लाइन थाना क्षेत्र में बुधवार शाम क्षत्रिय युवा करणी सेना के जिलाध्यक्ष सचिन राघव पर भीड़ द्वारा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि घंटाघर के पास चाट खा रहे सचिन को युवकों की भीड़ ने घेर लिया और सड़क पर दौड़ा-दौड़ाकर थप्पड़, लात-घूंसों और बेल्ट से पीटा। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है।
बताया गया कि सचिन अपने छोटे भाई सुंदर और दोस्त प्रहलाद के साथ मौजूद थे। इसी दौरान बड़ी संख्या में युवक वहां पहुंच गए और मारपीट शुरू कर दी। हमले में उनके भाई और दोस्त के साथ भी मारपीट किए जाने की बात सामने आई है। वायरल वीडियो में सचिन हाथ जोड़कर माफी मांगते दिखाई दे रहे हैं।
आरोप है कि भीड़ सचिन को खींचकर अंबेडकर पार्क तक ले गई, जहां उनसे डॉ. भीमराव आंबेडकर और वाल्मीकि समाज के सम्मान में नारे लगवाए गए। पुलिस के पहुंचने की सूचना मिलते ही आरोपी मौके से फरार हो गए। घायल सचिन को मेडिकल परीक्षण के लिए अस्पताल भेजा गया।
विवाद की जड़ मंगलवार को हुई सवर्ण महापंचायत से जुड़ी बताई जा रही है। रिपोर्टों के मुताबिक पंचायत में सचिन के भाई सुंदर द्वारा सामाजिक भूमिकाओं को लेकर की गई टिप्पणी का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। इस टिप्पणी को लेकर वाल्मीकि समाज में नाराजगी की बात कही जा रही है, जिसके बाद विवाद बढ़ा और सचिन पर हमला हुआ।
सीओ सर्वम सिंह के अनुसार पीड़ित की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस वायरल वीडियो, सीसीटीवी फुटेज और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर हमलावरों की पहचान कर रही है। पुलिस का कहना है कि शांति व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।


