फर्रुखाबाद। कंपोजिट विद्यालय कुम्हरौर में बच्चों को दिए जाने वाले मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता को लेकर गंभीर आरोप लगे हैं। विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) के अध्यक्ष संतोष कुमार शर्मा ने जिलाधिकारी को प्रार्थना-पत्र देकर मिड-डे मील की गुणवत्ता, विद्यालय की व्यवस्थाओं, रख-रखाव और पूर्व में की गई शिकायतों की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
एसएमसी अध्यक्ष का आरोप है कि विद्यालय में तैयार किए जा रहे चावल की जांच के दौरान उसमें सूड़ी/कीड़े पाए गए। उनका कहना है कि इस संबंध में विद्यालय की रसोइया से हुई बातचीत का वीडियो और ऑडियो साक्ष्य भी उनके पास उपलब्ध है। उन्होंने बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को देखते हुए मामले की तत्काल जांच की मांग की है।
प्रार्थना-पत्र में एसएमसी अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि पूर्व में भी विद्यालय में बच्चों को दिए जाने वाले दूध में पानी मिलाने, फलों का नियमानुसार वितरण न करने और मिड-डे मील की गुणवत्ता एवं स्वच्छता को लेकर शिकायतें की गई थीं।
इसके अलावा विद्यालय भवन और परिसर के रख-रखाव तथा मरम्मत के लिए उपलब्ध कराई गई धनराशि के उपयोग की भी जांच कराने की मांग की गई है। विद्यालय की व्यवस्थाओं और संबंधित दायित्वों के निर्वहन को लेकर प्रधानाध्यापक रवि वर्मा की कार्यप्रणाली की जांच की मांग भी पत्र में शामिल है।
एसएमसी अध्यक्ष ने आईजीआरएस और मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर पूर्व में दर्ज शिकायतों के निस्तारण पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कुछ मामलों में मौके की वास्तविक स्थिति की निष्पक्ष जांच किए बिना एकपक्षीय रिपोर्ट के आधार पर शिकायतों का निस्तारण किया गया।
उन्होंने पूर्व में तैयार की गई जांच रिपोर्टों की भी पुनः समीक्षा कराने की मांग की है।
एसएमसी अध्यक्ष ने विद्यालय के खाद्यान्न स्टॉक, स्टॉक रजिस्टर, वितरण रजिस्टर और मिड-डे मील से संबंधित अभिलेखों का सत्यापन कराने की मांग की है। साथ ही दूध और फलों के वितरण की वास्तविक मात्रा एवं गुणवत्ता की जांच, विद्यालय के रख-रखाव पर खर्च धनराशि का भौतिक एवं वित्तीय सत्यापन तथा पूर्व जांच रिपोर्टों का मौके की स्थिति से मिलान कराने की मांग की गई है।


