– लोकल जीएसटी और पुलिस के बीच साठ गाठ पर उच्चाधिकारी गंभीर
– कम्पिल और अचरा तक जुड़े तार के पर्दा फाश की तैयारी
फर्रुखाबाद। कायमगंज क्षेत्र एक बार फिर चर्चाओं के केंद्र में है। तंबाकू उत्पादन और व्यापार के लिए प्रदेशभर में पहचान रखने वाले इस क्षेत्र में अब अवैध कारोबार और संभावित राजस्व चोरी को लेकर जांच एजेंसियों की सक्रियता बढ़ने की चर्चा है। सूत्रों के अनुसार केंद्रीय जीएसटी सहित अन्य विभाग तंबाकू कारोबार से जुड़े वित्तीय लेनदेन, माल की आवाजाही और कर भुगतान के रिकॉर्ड पर पैनी नजर बनाए हुए हैं।
कायमगंज, कम्पिल और अचरा क्षेत्र में वर्षों से तंबाकू का बड़ा कारोबार संचालित होता रहा है। कृषि आधारित इस उद्योग ने हजारों लोगों को रोजगार दिया है, लेकिन इसके साथ ही समय-समय पर अवैध भंडारण, बिना बिल माल की बिक्री, कर चोरी और फर्जी दस्तावेजों के जरिए कारोबार संचालित होने के आरोप भी उठते रहे हैं। अब चर्चा है कि कुछ ऐसे कारोबारी नेटवर्क जांच एजेंसियों के रडार पर हैं, जिनकी गतिविधियों से सरकार को करोड़ों रुपये के राजस्व नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
सूत्रों का दावा है कि जांच एजेंसियां तंबाकू की खरीद, बिक्री, परिवहन और कर भुगतान के रिकॉर्ड का मिलान कर रही हैं। कारोबार से जुड़े कुछ प्रतिष्ठानों की वित्तीय गतिविधियों और जीएसटी रिटर्न की भी समीक्षा की जा रही है। यह भी देखा जा रहा है कि वास्तविक उत्पादन और घोषित कारोबार के बीच कहीं बड़ा अंतर तो नहीं है।
क्षेत्र में यह चर्चा भी जोर पकड़ रही है कि कुछ कारोबारी प्रतिष्ठानों द्वारा माल की आवाजाही और बिक्री को लेकर दोहरी व्यवस्था अपनाई जाती रही है। यदि जांच में ऐसे आरोपों की पुष्टि होती है तो यह मामला केवल कर चोरी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि बड़े आर्थिक अपराध के रूप में भी देखा जा सकता है।
सूत्र बताते हैं कि जांच का दायरा कायमगंज से आगे बढ़कर कम्पिल और अचरा तक पहुंच सकता है। कई स्थानों पर तंबाकू के भंडारण, प्रसंस्करण और आपूर्ति श्रृंखला से जुड़े तथ्यों को खंगाला जा रहा है। हालांकि अभी तक किसी भी एजेंसी ने आधिकारिक रूप से किसी व्यक्ति, फर्म या प्रतिष्ठान का नाम सार्वजनिक नहीं किया है।
जानकारों का मानना है कि यदि विभागीय जांच गहराई तक पहुंची तो कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आ सकते हैं। सरकार को राजस्व की हानि पहुंचाने वाले तत्वों पर कार्रवाई होने की संभावना से पूरे क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गर्म है। दूसरी ओर वैध कारोबार करने वाले व्यापारी चाहते हैं कि जांच निष्पक्ष हो और केवल उन्हीं लोगों पर कार्रवाई हो जो वास्तव में नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं।
फिलहाल जांच एजेंसियां अपने स्तर पर सूचनाएं एकत्र कर रही हैं। आने वाले दिनों में यदि दस्तावेजी साक्ष्य और वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि होती है तो बड़े स्तर पर नोटिस, वसूली और कानूनी कार्रवाई की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। कायमगंज के तंबाकू कारोबार पर टिकी यह नजर अब पूरे जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है।


