प्रयागराज। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के प्रवेश भवन में शुक्रवार को नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं के दस्तावेज सत्यापन के दौरान अव्यवस्थाओं को लेकर हंगामा हो गया। सैकड़ों छात्र-छात्राएं दस्तावेज सत्यापन के लिए प्रवेश भवन पहुंचे थे। इस दौरान छात्रों की सहायता के लिए समाजवादी छात्रसभा की ओर से सहायता केंद्र भी लगाया गया।
छात्रनेता आशुतोष मौर्य ने प्रवेश भवन में बंद पड़े पंखों और शुद्ध पेयजल की व्यवस्था को लेकर वीडियो बनाया। उनका आरोप है कि भीषण गर्मी के बीच छात्रों और उनके परिजनों को पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल रही थीं। वीडियो बनाए जाने के बाद प्रवेश निदेशक और कार्यवाहक प्रॉक्टर मौके पर पहुंचे।
छात्रनेता आशुतोष मौर्य ने बताया कि बीए के दस्तावेज सत्यापन के लिए केवल एक काउंटर खोले जाने से बड़ी संख्या में छात्रों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने सत्यापन प्रक्रिया में अतिरिक्त काउंटर खोलने और छात्रों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रवेश भवन में लड़कों के लिए पर्याप्त शौचालय की व्यवस्था नहीं होने के कारण छात्र और उनके साथ आए अभिभावक परेशान हो रहे हैं।
छात्रों और अधिकारियों के बीच बातचीत के दौरान स्थिति उस समय गरमा गई, जब पेयजल की व्यवस्था को लेकर तीखी नोकझोंक हुई। छात्रनेता के अनुसार, छात्रों ने प्रवेश निदेशक से पानी पीने के लिए कहा, लेकिन उन्होंने पानी पीने से इनकार कर दिया।
इस घटना को लेकर छात्रों में नाराजगी देखी गई। छात्रनेताओं ने विश्वविद्यालय प्रशासन से प्रवेश भवन में पेयजल, पंखे और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं तत्काल दुरुस्त कराने की मांग की।
दस्तावेज सत्यापन के लिए सैकड़ों छात्र-छात्राएं प्रवेश भवन पहुंचे। समाजवादी छात्रसभा के सहायता केंद्र के माध्यम से छात्रों को दस्तावेज सत्यापन सहित अन्य प्रक्रियाओं की जानकारी देने और उनकी समस्याओं में मदद करने का प्रयास किया गया।
इस दौरान आयुष, अनुराग, सक्षम, गौरव, विवेक सहित कई छात्र मौजूद रहे।
छात्रनेताओं ने कहा कि विश्वविद्यालय में प्रवेश लेने वाले नए विद्यार्थियों के लिए दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया को व्यवस्थित और सुविधाजनक बनाया जाना चाहिए, ताकि छात्रों और उनके परिजनों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।


