लखनऊ। राजधानी के सुशांत गोल्फ सिटी क्षेत्र के न्यू हजरतगंज स्थित एक फ्लैट में पुलिस ने छापेमारी कर उज्बेकिस्तान की नागरिक लोला कायोयोवा को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, महिला कथित तौर पर देह व्यापार के नेटवर्क से जुड़ी थी और वर्ष 2025 में विदेशी महिलाओं की गिरफ्तारी के दौरान फरार हो गई थी। इसके बाद से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी।
जांच में सामने आया कि आरोपी महिला अपनी पहचान बदलने और चेहरे में बदलाव कराने के उद्देश्य से प्लास्टिक सर्जरी के लिए लखनऊ आई थी। पुलिस के अनुसार, वह फ्लैट नंबर 527 में रह रही थी। उसके वीजा और पासपोर्ट की वैधता भी समाप्त हो चुकी थी। जांच के दौरान उसके नाम पर तैयार किए गए कुछ कथित फर्जी दस्तावेजों की जानकारी भी सामने आई है।
मामले में मिनर्वा अस्पताल के डॉक्टर विवेक गुप्ता की भूमिका भी पुलिस जांच के घेरे में आ गई है। पुलिस के मुताबिक, लोला की डॉक्टर से मुलाकात थाईलैंड में हुई थी और आरोप है कि डॉक्टर ने उसे रहने के लिए फ्लैट उपलब्ध कराया था। हालांकि डॉक्टर की वास्तविक भूमिका और मामले में उनकी संलिप्तता की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
पुलिस अब महिला के संपर्क में रहे लोगों, फर्जी दस्तावेज तैयार कराने वाले नेटवर्क और राजधानी में उसके ठहरने की व्यवस्था कराने वालों के बारे में जानकारी जुटा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की जांच के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।


