कौशांबी
गुरुवार दोपहर पीआरडी (प्रांतीय रक्षक दल) जवानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में जुटे जवानों ने अपनी समस्याओं के समाधान की मांग करते हुए जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शन के दौरान पीआरडी जवानों ने आरोप लगाया कि वे लंबे समय से वेतन वृद्धि और नियमित रोजगार जैसी बुनियादी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन उनकी समस्याओं पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि शासन और प्रशासन को कई बार अवगत कराने के बावजूद स्थिति जस की तस बनी हुई है।
जवानों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपते हुए बताया कि जिले में तैनात पीआरडी कर्मियों को लगातार उत्पीड़न और शोषण का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि उनकी सेवाओं को नियमित और सुरक्षित किया जाए।
इसके साथ ही प्रदर्शनकारियों ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायाधीश पंकज भाटिया द्वारा 3 अगस्त 2023 को रिट याचिका संख्या 2829/2022 में दिए गए आदेश के अक्षरशः पालन की मांग भी उठाई। उन्होंने कहा कि सभी पीआरडी जवानों को 365 दिन का रोजगार सुनिश्चित किया जाए।
जवानों ने यह भी मांग रखी कि उनकी ड्यूटी का निर्धारण एनआईसी (NIC) द्वारा संचालित पारदर्शी प्रणाली से किया जाए, ताकि किसी प्रकार का भेदभाव या अनियमितता न हो सके।
पीआरडी जवानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो वे जिला प्रशासन से लेकर मुख्यालय स्तर तक बड़े आंदोलन और धरना प्रदर्शन के लिए बाध्य होंगे। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में जवान मौजूद रहे और पूरे परिसर में शांतिपूर्ण तरीके से अपना विरोध दर्ज कराया।


