फर्रुखाबाद। ओवरलोडिंग और अवैध खनन के खिलाफ प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर के निर्देशन में परिवहन विभाग, पुलिस विभाग और खनन विभाग की संयुक्त टीम ने फर्रुखाबाद एवं मोहम्मदाबाद क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान चलाकर पांच वाहनों को सीज करते हुए कुल ₹3.69 लाख का जुर्माना लगाया।
अभियान के दौरान पकड़े गए पांच वाहनों में गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। जांच में दो वाहन ऐसे मिले जो खनन सामग्री लेकर चल रहे थे, लेकिन उनके पास खनन विभाग की वैध रॉयल्टी और उत्तर प्रदेश से संबंधित आवश्यक प्रपत्र उपलब्ध नहीं थे। इन वाहनों में मध्य प्रदेश से लाई जा रही गिट्टी भरी हुई थी।
खनन विभाग ने दोनों वाहनों पर ₹1.13 लाख का जुर्माना लगाया, जबकि परिवहन विभाग ने ₹80 हजार का अतिरिक्त दंड लगाया। इसके अलावा बालू ढो रहे एक अन्य ओवरलोड वाहन पर ₹35 हजार का जुर्माना लगाया गया।
चेकिंग के दौरान दो अन्य वाहन भी निर्धारित क्षमता से अधिक भार लेकर चलते पाए गए, जिन पर ₹61 हजार का जुर्माना लगाया गया। सभी नियम विरुद्ध पाए गए वाहनों को सीज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
संयुक्त अभियान में खनन अधिकारी, यातायात प्रभारी और एआरटीओ प्रवर्तन सुभाष राजपूत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि शासन के निर्देश पर अवैध खनन, ओवरलोडिंग और राजस्व चोरी के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
प्रशासन का कहना है कि अवैध खनन और ओवरलोडिंग न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचाती है, बल्कि सड़कों को भी भारी क्षति पहुंचाती है और सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ाती है। इसी को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ने पुलिस विभाग के माध्यम से सभी क्षेत्राधिकारियों, यातायात अधिकारियों और थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने स्पष्ट संदेश दिया है कि अवैध खनन, बिना रॉयल्टी परिवहन और ओवरलोडिंग के मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जहां भी नियमों का उल्लंघन मिलेगा, वहां तत्काल वाहन सीज करने और कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन का दावा है कि यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और अवैध खनन तथा ओवरलोडिंग के कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए नियमित चेकिंग की जाएगी।


