फर्रुखाबाद। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईशयरीय विश्वविद्यालय जटवारा जदीद मातृ दिवस का आयोजन किया गया।
इस मौके पर ब्रह्माकुमारी राजयोगिनी बीके शोभा दीदी ने कहा कि मेरी माता मेरा गौरव है भले मां गरीब क्यों ना हो लेकिन उनके पास बच्चों के लिए दुआएं शुभ संकल्प श्रेष्ठ गुण अच्छे विचार जो वह अपने बच्चों में भरते हैं अच्छी शिक्षाएं की संपत्ति उनके पास बहुत होती है संपत्ति तो बहुतों के पास होती है लेकिन सबको आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि हर मां को ध्यान में रखते हुए बच्चों को एक अच्छी प्रेरणा देते हुए उन्हें नैतिक मूल्य के साथ-साथ माता के साथ स्नेही बनने की भी प्रेरणा दी जानी चाहिए।।
इस मौके पर कहा गया कि कहा कि भारतवर्ष में मदर टेरेसा के नाम को हम सभी लोग याद करते हैं जो सामाजिक सेवाएं हैं पूरे भारतवर्ष के लिए आज वह पूजनीय हैं ।
आज भारतवर्ष में अगर मां हमारी पहली शिक्षक होती है हमारी पहली दोस्त और हमारी सबसे बड़ी शुभचिंतक होती है वह हमारी हर मुस्कान के पीछे होती है और हर आंसू को चुपचाप अपनी ममता से पोछ देती है ।
ब्रह्मा कुमार सत्येंद्र भाई ने कहा कि मां वह है जो खुद भूखी रहकर भी हमें खिलाती है खुद थक जाए तो भी हमारे लिए मुस्कान मुस्कुराती है मां का प्यार बिना शर्त होता है ना कोई स्वार्थ ना कोई अपेक्षा होती है।प्रधानाचार्य भारती मिश्रा ने कहा कि मां के अंदर एक डीएनए होता है उस डीएनए से हमारे अंदर ताकत आती है चाहे मां दुनिया में हो या ना रहा है लेकिन हमारे अंदर जितनी ऊर्जा है जितनी शक्ति है वह सब हमारी मां की देन होती है।
इस अवसर पर उपस्थित माताओ का तिलक बैच पटका पगड़ी लगाकर सम्मान किया गया । बच्चों ने नृत्य कर उन सब का मन मोह लिया सुआलाल मिश्रा ने संचालन किया।


