हिंद-प्रशांत में रणनीतिक साझेदारी को मिलेगी नई मजबूती
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तीन दिवसीय सेशेल्स यात्रा के दौरान भारत और सेशेल्स के बीच रक्षा एवं रणनीतिक सहयोग को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। दोनों देशों के बीच आपसी विश्वास और सुरक्षा साझेदारी को और मजबूत करने के उद्देश्य से भारत ने एक बार फिर सेशेल्स में अपने सैन्य सलाहकारों की नियुक्ति करने का फैसला किया है।
जानकारी के अनुसार भारत इस बार चार सैन्य सलाहकार सेशेल्स भेजेगा। इससे पहले वर्ष 2023 में वहां की तत्कालीन सरकार के कार्यकाल में यह व्यवस्था समाप्त कर दी गई थी, जिसे अब दोबारा बहाल किया जा रहा है। इस कदम से दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग, क्षमता निर्माण तथा संस्थागत संबंधों को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
भारत और सेशेल्स लंबे समय से समुद्री सुरक्षा, तटरक्षक बल के प्रशिक्षण, रक्षा सहयोग तथा हिंद महासागर क्षेत्र में साझा रणनीतिक हितों पर मिलकर काम करते रहे हैं। सैन्य सलाहकारों की पुनर्नियुक्ति से समुद्री निगरानी, सुरक्षा समन्वय और रक्षा क्षमता को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा हिंद-प्रशांत क्षेत्र में बढ़ती सामरिक गतिविधियों के बीच भारत का यह निर्णय बेहद महत्वपूर्ण है। इससे क्षेत्रीय सुरक्षा व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और हिंद महासागर में भारत की रणनीतिक उपस्थिति भी पहले से अधिक सशक्त होगी।


