बरेली। श्रावण मास के पहले दिन उत्तर प्रदेश में शुरू हुई कांवड़ यात्रा को लेकर शासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आया। गुरुवार को प्रदेश के मुख्य सचिव एस.पी. गोयल और डीजीपी राजीव कृष्ण बरेली पहुंचे, जहां उन्होंने बरेली और मुरादाबाद मंडल के नौ जिलों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर सुरक्षा, यातायात, साफ-सफाई और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का विस्तृत जायजा लिया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि पूरी कांवड़ यात्रा “जीरो इंसिडेंट, जीरो एक्सीडेंट” के लक्ष्य के साथ संपन्न कराई जाए।
बैठक में पिछले वर्षों के अनुभवों और संवेदनशील मार्गों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से कहा गया कि किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पहले से पूरी तैयारी की जाए। विशेष रूप से ब्रजघाट और कछला घाट मार्ग को संवेदनशील मानते हुए अतिरिक्त सुरक्षा, बेहतर समन्वय और त्वरित रिस्पांस सिस्टम विकसित करने के निर्देश दिए गए। कंट्रोल रूम में प्रशिक्षित कर्मचारियों की तैनाती, जिलों के बीच लगातार सूचना साझा करने और सोशल मीडिया पर अफवाहों की तत्काल निगरानी एवं खंडन के भी निर्देश दिए गए।
मुख्य सचिव ने कहा कि कांवड़ियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने मार्गों पर साफ-सफाई, पेयजल, मोबाइल शौचालय, निर्बाध बिजली आपूर्ति, चिकित्सा शिविर और जनरेटर जैसी वैकल्पिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही होटल, ढाबों और भोजनालयों की गुणवत्ता की नियमित जांच करने तथा श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए।
सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए 8 सुपर जोन, 26 जोन, 82 सेक्टर और 220 सब-सेक्टर बनाए गए हैं। प्रदेशभर में 123 पुलिस सहायता केंद्र, 91 मिशन शक्ति केंद्र, ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी, 94 पब्लिक एड्रेस सिस्टम, महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए विशेष पुलिस बल और आपातकालीन सहायता व्यवस्था सक्रिय रहेगी। बरेली मंडल में 31,717 कांवड़ जत्थों की पहचान की गई है, जबकि अकेले बरेली जिले में करीब 15 लाख कांवड़ियों के आने का अनुमान है। प्रशासन ने कांवड़ मार्गों की मरम्मत, बैरिकेडिंग, प्रकाश व्यवस्था, चिकित्सा सेवाएं, एंबुलेंस, गोताखोर, लाइफ बोट और हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा तक की तैयारी पूरी कर ली है। सरकार का उद्देश्य इस बार पूरी कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और श्रद्धालुओं के लिए यादगार बनाना है।


