25 C
Lucknow
Saturday, September 19, 2026

तहसील दिवस के बाद डीएम ने स्वास्थ्य केंद्रों का किया निरीक्षण, अनुपस्थित फार्मासिस्ट पर कार्रवाई के निर्देश

Must read

फर्रुखाबाद। अमृतपुर तहसील में आयोजित तहसील दिवस में जनसमस्याओं की सुनवाई के बाद जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आनंद उपाध्याय के साथ क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण किया। डीएम और सीएमओ ने पीएचसी अमृतपुर व पीएचसी पिथनापुर पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाओं, कर्मचारियों की उपस्थिति, जांच सुविधाओं, दवाओं की उपलब्धता और मरीजों को मिल रही चिकित्सा सुविधाओं की जानकारी ली।
पीएचसी अमृतपुर में प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. गौरव वर्मा मौजूद मिले। अधिकारियों को बताया गया कि यहां प्रतिदिन औसतन 200 से अधिक मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। निरीक्षण के समय तक 130 से अधिक मरीजों को देखा जा चुका था। मरीजों की संख्या को देखते हुए डीएम ने संतोष व्यक्त किया और ओपीडी व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने तथा मरीजों को समय से परामर्श, जांच और उपचार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
प्रसव सेवाओं की समीक्षा के दौरान बताया गया कि एक एएनएम मातृत्व अवकाश पर हैं, जबकि दूसरी एएनएम पदोन्नति के बाद छह माह के प्रशिक्षण पर हैं। इसके चलते पिछले दो दिनों से प्रसव सेवाएं प्रभावित थीं। डीएम के निर्देश पर सीएमओ ने पीएचसी अमृतपुर में एक स्टाफ नर्स की तैनाती के आदेश दिए, ताकि प्रसव सेवाएं सुचारु रूप से संचालित हो सकें।
निरीक्षण के दौरान एक फार्मासिस्ट अनुपस्थित मिला। इस पर डीएम ने संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों पर कर्मचारियों की उपस्थिति की नियमित निगरानी करने और सभी कर्मचारियों को जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन सुनिश्चित कराने को कहा।
डीएम व सीएमओ ने मौजूद मरीजों से बातचीत कर उपचार और स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली। मलेरिया, डेंगू सहित अन्य जांच की सुविधा उपलब्ध होने पर अधिकारियों ने संतोष व्यक्त किया। सीबीसी समेत अन्य जांच मशीनों को सुचारु रखने के निर्देश दिए गए।
पीएचसी की सफाई व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी ने जिला पंचायत राज अधिकारी को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने को कहा।
इसके बाद पीएचसी पिथनापुर का निरीक्षण किया गया। यहां एएनएम अंजुम निशा द्वारा प्रतिमाह 30 से अधिक प्रसव कराए जाने की जानकारी दी गई। प्रसूता महिलाओं की स्वास्थ्य स्थिति भी संतोषजनक पाई गई। अधिकारियों ने गर्भवती और प्रसूता महिलाओं की नियमित निगरानी तथा आवश्यक जांच व उपचार समय से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बाढ़ का पानी कम होने के बाद संभावित जलजनित एवं संक्रामक बीमारियों को देखते हुए डीएम ने स्वास्थ्य विभाग को निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वच्छ पेयजल, साफ-सफाई और बीमारी के लक्षणों के प्रति ग्रामीणों को जागरूक करने पर जोर दिया।
जिलाधिकारी ने ग्रामीण क्षेत्रों में उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं पर संतोष व्यक्त किया। मौके पर मौजूद क्षेत्रीय लोगों और मरीजों ने भी स्वास्थ्य केंद्रों पर संतोषजनक चिकित्सा सुविधा मिलने की जानकारी दी। सीएमओ ने संबंधित अधिकारियों को डीएम के निर्देशों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article