– नाराज ग्रामीणों ने जमकर मचाया उत्पात
– ट्रस्टी और उसके परिजनों को नाराज भीड़ नें बुरी तरह पीटा तोड़ा हाथ,कई लोहिया अस्पताल में भर्ती
फर्रुखाबाद। थाना मऊ दरवाजा थाना क्षेत्र के अर्रा पहाड़पुर में खेत में लगाए गए करंटयुक्त तार के पास संदिग्ध स्थितियों में एक अधेड़ की मौत हो गई, रात भर सब घायल अवस्था में मौके पर पड़ा रहा सुबह स्थानीय युवक सचिन यादव बाय रंजीत यादव ने यह कहकर सनसनी फैला दी की तारों में करंट की चपेट में आकर मौत हो गई जिससे आम जनमानस भड़क गया और देखरेख करने वाले परिवार पर लोगों का गुस्सा टूट पड़ा घटना के बाद इलाके में तनाव, मारपीट और पथराव की स्थिति बन गई, जबकि प्रशासन और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।
मृतक सर्वेश यादव पुत्र दुशासन, अर्रा पहाड़पुर का निवासी था और सब्जी मंडी में काम करता था।जानकारी के मुताबिक बीती बुधवार रात वह मंडी से काम खत्म कर घर लौट रहा था। रास्ते में हनुमान ट्रस्ट की जमीन में खड़े गेहूं के खेत के पास लगे तारों के निकट उसकी संदिग्ध स्थितियों में मौत हो गई। मृतक का शव रात भर मौके पर पड़ा रहा सुबह जानकारी होने पर हड़कंप मचा। मृतक सर्वेश के मुंह पर कई चोटों के निशान हैं जो की करंट से आ ही नहीं सकते पुलिस पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है।
हनुमान ट्रस्ट की जमीन, पहले ही हो चुकी थी कुर्की
ग्रामीणों और परिजनों के अनुसार जिस खेत के निकट घटना हुई, वह जमीन हनुमान ट्रस्ट की है। यह वही जमीन है, जिसे पहले माफिया अनुपम दुबे के कब्जे से प्रशासन ने कुर्क किया था। तहसीलदार सदर द्वारा कार्रवाई कर जमीन को सरकारी कब्जे में लिया गया था।
आरोप है कि माफिया अनुपम दुबे ने कई अधिकारियों के फर्जी आदेश तैयार कर और चढ़ावा देकर इस जमीन पर दोबारा कब्जा दिखा दिया था। बाद में जब इस पूरे मामले की जिम्मेदार अधिकारियों ने प्रशासन के सामने गवाही दी, तो सच्चाई उजागर हुई और बीते दिनों यह जमीन फिर से हनुमान ट्रस्ट के नाम निहित कर दी गई थी।
बताया गया है कि इस ट्रस्ट के सर्वराकार (ट्रस्टी) एकलव्य थे। इसके बावजूद खेत में फसल बोई गई, चारों ओर तार लगाए गए और उनमें झटका मशीन का करंट छोड़ा गया था।
दो पक्षों में मारपीट और पथराव
घटना की जानकारी फैलते ही मृतक सर्वेश यादव के परिजन और समर्थक मौके पर पहुंचे और खेत मालिक व ट्रस्ट से जुड़े लोगों पर गंभीर आरोप लगाए। इसी बीच दोनों पक्षों में कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते मारपीट और पथराव में बदल गई। हालात बेकाबू होते देख इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एएसपी, सीओ, तहसीलदार सदर और कई थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की गई।
इस दौरान बिजली विभाग की लापरवाही भी सामने आई। ग्रामीणों का आरोप है कि करंट की सूचना देने के लिए कई बार बिजली विभाग को फोन किया गया, लेकिन किसी कर्मचारी ने फोन नहीं उठाया। इस पर तहसीलदार सदर ने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर बिजली विभाग के संबंधित कर्मचारियों की शिकायत की है।
मृतक के परिजनों ने मांग की है कि
फर्जी आदेश के जरिए जमीन कब्जा करने वालों पर कार्रवाई हो करंट लगाने के जिम्मेदार लोगों पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए बिजली विभाग की लापरवाही के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों पर भी सख्त कार्रवाई हो।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल बना हुआ है।






