कोलकाता: पश्चिम बंगाल के झाड़ग्राम में रविवार को एक अलग ही नजारा देखने को मिला, जब देश के प्रधानमंत्री Narendra Modi ने सुरक्षा प्रोटोकॉल को दरकिनार करते हुए आम लोगों के बीच पहुंचकर सादगी का परिचय दिया। चुनावी जनसभा को संबोधित करने के बाद लौट रहे प्रधानमंत्री का काफिला अचानक सड़क किनारे रुक गया, जिससे वहां मौजूद लोग और सुरक्षा कर्मी हैरान रह गए। इसके बाद पीएम मोदी सीधे एक छोटी सी झालमुड़ी की दुकान पर पहुंचे और स्थानीय स्वाद का आनंद लिया।
दुकानदार विक्रम साहू, जो मूल रूप से बिहार के गया जिले के रहने वाले हैं और पिछले करीब 12 वर्षों से झाड़ग्राम में अपनी दुकान चला रहे हैं, इस अप्रत्याशित पल से बेहद उत्साहित नजर आए। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ने बेहद सहज अंदाज में उनसे “बढ़िया झालमुड़ी बनाने” को कहा। विक्रम ने मिर्च, मसाले और अचार के मिश्रण से खास झालमुड़ी तैयार की, जिसे चखने के बाद पीएम मोदी ने मुस्कुराते हुए उसकी तारीफ भी की।
इस दौरान प्रधानमंत्री केवल स्वाद तक ही सीमित नहीं रहे, बल्कि उन्होंने वहां मौजूद बच्चों और स्थानीय लोगों से भी आत्मीय बातचीत की। उन्होंने बच्चों को अपने हाथों से झालमुड़ी खिलाई, जिससे माहौल और भी भावुक व यादगार बन गया। अचानक प्रधानमंत्री को अपने बीच पाकर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई और “नरेंद्र मोदी जिंदाबाद” जैसे नारे गूंजने लगे।
यह पूरा घटनाक्रम सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है। आमतौर पर कड़े सुरक्षा घेरे में रहने वाले प्रधानमंत्री का इस तरह बिना पूर्व सूचना एक आम दुकानदार के पास पहुंचना लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पल उनके लिए अविस्मरणीय रहेगा।
झालमुड़ी का स्वाद लेने और लोगों से मुलाकात के बाद प्रधानमंत्री का काफिला आगे के कार्यक्रम के लिए रवाना हो गया, लेकिन झाड़ग्राम में यह छोटी सी घटना एक बड़ी याद बनकर रह गई, जो लंबे समय तक लोगों के दिलों में जिंदा रहेगी।


