लखनऊ। उत्तर प्रदेश में हाल ही में हुए मंत्रिमंडल विस्तार के बाद आज पहली बार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने नए और पुराने मंत्रियों के साथ अहम बैठक करने जा रहे हैं। यह बैठक शाम 5 बजे मुख्यमंत्री आवास पर आयोजित होगी, जिसे राजनीतिक और प्रशासनिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक बैठक में नए मंत्रियों को विभागीय प्राथमिकताओं और सरकार की कार्यशैली को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए जा सकते हैं। साथ ही सरकार के आगामी एजेंडे, कानून व्यवस्था, विकास परियोजनाओं और संगठनात्मक समन्वय को लेकर भी चर्चा होने की संभावना है।
राजनीतिक गलियारों में इस बैठक को आगामी चुनावी रणनीति से भी जोड़कर देखा जा रहा है। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंत्रियों को जमीनी स्तर पर सक्रियता बढ़ाने और जनता के बीच सरकार की योजनाओं को प्रभावी तरीके से पहुंचाने का संदेश दे सकते हैं।
सूत्र यह भी बता रहे हैं कि बैठक में कई बड़े प्रशासनिक और राजनीतिक फैसलों पर मंथन हो सकता है। खासतौर पर कानून व्यवस्था, बिजली व्यवस्था, किसानों के मुद्दे और लंबित विकास कार्यों की समीक्षा एजेंडे में शामिल रह सकती है।
मंत्रिमंडल विस्तार के बाद यह पहली सामूहिक बैठक होने के कारण सत्ता और संगठन दोनों की नजर इस पर टिकी हुई है। भाजपा संगठन भी चाहता है कि सरकार का हर मंत्री मैदान में सक्रिय दिखाई दे, ताकि विपक्ष के हमलों का जवाब सीधे जनता के बीच दिया जा सके।


