35 C
Lucknow
Saturday, April 11, 2026

किसान सभा का 90वां स्थापना दिवस: संघर्ष की विरासत को आगे बढ़ाने का लिया संकल्प, ध्वजारोहण के साथ हुआ आयोजन

Must read

फर्रुखाबाद। खिनमिनी ग्राम में शनिवार को अखिल भारतीय किसान सभा का 90वां स्थापना दिवस पूरे उत्साह, जोश और किसान एकता के संदेश के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्रातः भव्य ध्वजारोहण के साथ हुई, जिसे वरिष्ठ किसान नेता कॉमरेड सतीश चंद्र सतीश ने पूरे गर्व और सम्मान के साथ संपन्न किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसान, मजदूर और संगठन के पदाधिकारी उपस्थित रहे, जिससे माहौल पूरी तरह किसान एकजुटता के रंग में रंगा नजर आया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉमरेड रामप्रकाश सैनी ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि किसान सभा का यह 90 वर्षों का सफर संघर्ष, त्याग और किसानों के अधिकारों की लड़ाई का प्रतीक रहा है। उन्होंने उपस्थित किसानों का उत्साहवर्धन करते हुए संगठन की मजबूती पर जोर दिया और कहा कि एकजुट होकर ही किसान अपने अधिकारों को सुरक्षित रख सकते हैं।
समारोह में कॉमरेड बलबीर ने संगठन के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए बताया कि अखिल भारतीय किसान सभा ने समय-समय पर किसानों के हितों के लिए बड़े आंदोलन किए हैं और कई ऐतिहासिक जीत हासिल की हैं। उन्होंने कहा कि आज भी किसानों के सामने अनेक चुनौतियां हैं, जिनसे निपटने के लिए संगठनात्मक एकता और संघर्ष की भावना आवश्यक है।
मुख्य वक्ता के रूप में कॉमरेड सतीश चंद्र सतीश ने अपने जोशीले भाषण में सरकारों की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसानों के हितों की अनदेखी लगातार होती रही है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “सरकार चाहे किसी भी दल की हो, किसानों के मुद्दों पर ठोस और ईमानदार कदम नहीं उठाए जाते। ऐसे में किसानों को अपने अधिकारों के लिए लगातार संघर्ष करना होगा। यह लड़ाई केवल वर्तमान की नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की भी है।” उनके इस वक्तव्य पर उपस्थित किसानों ने जोरदार समर्थन जताया।
कार्यक्रम के समापन पर अध्यक्ष कॉमरेड रामप्रकाश सैनी ने सभी उपस्थित किसानों, कार्यकर्ताओं और आयोजकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि किसान सभा केवल एक संगठन नहीं, बल्कि देश के करोड़ों किसानों की आवाज है, जिसे मजबूत बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।
खिनमिनी ग्राम में आयोजित यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं रहा, बल्कि किसानों की एकता, जागरूकता और संघर्ष की भावना का सशक्त प्रदर्शन बनकर उभरा। कार्यक्रम के माध्यम से किसानों ने यह संदेश दिया कि वे अपने हक और सम्मान की लड़ाई को आगे भी मजबूती के साथ जारी रखेंगे।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article