नई दिल्ली। इमारत-ए-शरिया-ए-हिंद की रुयत-ए-हिलाल कमेटी की महत्वपूर्ण बैठक में ईद के चांद को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। गुरुवार को बहादुर शाह जफर मार्ग स्थित कार्यालय में आयोजित बैठक के बाद आधिकारिक तौर पर घोषणा की गई कि देश में कहीं भी ईद का चांद नजर नहीं आया है। इसके चलते अब ईद-उल-फितर का पर्व शनिवार, 21 मार्च 2026 को मनाया जाएगा।
कमेटी के सदस्यों ने विभिन्न राज्यों से प्राप्त सूचनाओं और चांद देखने के दावों की गहन समीक्षा की, लेकिन कहीं से भी चांद दिखने की पुष्टि नहीं हो सकी। बैठक में मौजूद उलेमा और विशेषज्ञों ने सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया कि रमजान का महीना 30 दिनों का पूरा होगा और उसके बाद ही ईद मनाई जाएगी।
इमारत-ए-शरिया-ए-हिंद की ओर से जारी बयान में देशभर के मुस्लिम समुदाय से अपील की गई है कि वे इस आधिकारिक घोषणा का पालन करें और निर्धारित तारीख पर ही ईद-उल-फितर का त्योहार मनाएं। साथ ही लोगों से भाईचारे, शांति और सौहार्द के साथ त्योहार मनाने का संदेश भी दिया गया है।
गौरतलब है कि हर वर्ष ईद का त्योहार चांद दिखने पर निर्भर करता है, जिसके चलते तारीख में बदलाव संभव होता है। इस बार चांद नजर न आने के कारण एक दिन का इजाफा हुआ है, जिससे अब पूरे देश में शनिवार को ईद का जश्न मनाया जाएगा।


