प्रयागराज: इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) ने सोमवार को संभल (Sambhal) की एक मस्जिद (Mosque) में नमाजियों की संख्या सीमित करने की मांग वाली याचिका का निपटारा करते हुए विशिष्ट निर्देश जारी किए। उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार को नमाज के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। न्यायालय ने कहा कि यदि कोई भी व्यवधान उत्पन्न करता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
इस मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति अतुल श्रीधरन और न्यायमूर्ति सिद्धार्थ नंदन की खंडपीठ ने की। न्यायालय ने संभल जिला प्रशासन द्वारा नमाजियों की संख्या सीमित करने के संबंध में जारी आदेश को भी रद्द कर दिया। यह याचिका संभल के मुनजीर खान की ओर से दायर की गई थी। पिछली सुनवाई के दौरान, उच्च न्यायालय ने प्रशासन की कड़ी आलोचना करते हुए गंभीर टिप्पणियां की थीं। न्यायालय ने कहा था कि कानून व्यवस्था बनाए रखना हर हाल में सरकार की जिम्मेदारी है।
कठोर टिप्पणी करते हुए न्यायालय ने कहा था, यदि पुलिस अधीक्षक (एसपी) और जिला मजिस्ट्रेट का मानना है कि श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि से कानून व्यवस्था बिगड़ जाएगी और इसलिए वे श्रद्धालुओं की संख्या सीमित करना चाहते हैं, तो उन्हें या तो अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए या संभल से कहीं और तबादला करवा लेना चाहिए।


