– जीरो टॉलरेंस की कार्रवाई से नाराज गैंग के समर्थकों पर मुकदमा
– नाराज समर्थकों ने मौके पर पहुंची पुलिस के संग की हाथापाई, घेरा थाना
– धमकियों के बावजूद निष्पक्ष रिपोर्टिंग जारी
फर्रुखाबाद: प्रशासन द्वारा कथित माफिया अनुपम दुबे और उसके भाइयों पर की जा रही कार्रवाई से नाराज तत्वों ने रविवार देर रात यूथ इंडिया (Youth India) के क्राइम रिपोर्टर संदीप सक्सेना के घर पहुंचकर हंगामा किया, और उनके भाई और उसके कर्मचारी पर जानलेवा हमला किया खुलेआम जान माल की धमकी दी । सूचना पर पहुंची पुलिस को देखकर आरोपी और उत्तेजित हो गए और पुलिस से भी तीखी नोकझोंक की। पुलिस संग भी नशेड़ी तत्वों ने हाथापाई की। मामला थाने पहुंचा तो यहां पर भारी संख्या में लोग इकट्ठे होने लगे,मौके की नजाकत देख और थाना कादरी गेट में घेराव देख भारी पुलिस बल तैनात किया गया शहर कोतवाली पुलिस, फतेहगढ़ कोतवाली पुलिस,थाना कादरी गेट पुलिस क्षेत्राधिकार नगर ऐश्वर्या उपाध्याय रविवार देर रात तक थाने में मौजूद रहीं।
पुलिस ने आरोपी स्वदेश दुबे निवासी गंगानगर के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। जानकारी के अनुसार, थाने में पैरवी के लिए तहसील सदर के कातिब अतुल मिश्रा और पूर्व सभासद मनोज अग्निहोत्री भी पहुंचे। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि अतुल मिश्रा पूर्व में अनुपम दुबे और उसके परिजनों के बैनामों से जुड़े रहे हैं। हालांकि इस संबंध में आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
सोशल मीडिया पर बढ़ीं धमकियां
दैनिक यूथ इंडिया में माफिया के खिलाफ हो रही प्रशासनिक कार्रवाइयों की प्रमुखता से प्रकाशित खबरों के बाद सोशल मीडिया पर कथित गैंग से जुड़े कुछ लोगों द्वारा लगातार आपत्तिजनक टिप्पणियां और अप्रत्यक्ष धमकियां दी जा रही हैं। आरोप है कि इन गतिविधियों का संचालन कथित रूप से माफिया के प्रमुख साथी अवधेश मिश्रा द्वारा किया जा रहा है। सोशल मीडिया पर किसी अवधेश मिश्रा के सगे साले द्वारा योगेश पाठक द्वारा भी माफिया अनुपम दुबे के विरुद्ध प्रकाशित खबर पर फेसबुक के जरिए कथित रूप से सीधी धमकी दी गई है। इस पूरे प्रकरण की सूचना उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
यूथ इंडिया परिवार ने स्पष्ट किया है कि निष्पक्ष और तथ्यात्मक और प्रशासनिक कार्रवाई के क्रम में पत्रकारिता जारी रहेगी। प्रशासन की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत हो रही कार्रवाई की खबरें तथ्यों के आधार पर प्रकाशित होती रहेंगी। पत्रकारों का कहना है कि लोकतंत्र में स्वतंत्र मीडिया की भूमिका अहम है और धमकियों के जरिए आवाज दबाने के प्रयास सफल नहीं होंगे।
यूथ इंडिया की प्रतिबद्धता स्पष्ट है।


