नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली (Delhi) में पार्किंग व्यवस्था (parking system) को अब तकनीक से जोड़ने की तैयारी है। नई दिल्ली नगर पालिका परिषद (NDMC) अपने क्षेत्र में इंटेलिजेंट इंटीग्रेटेड पार्किंग सिस्टम लागू करने जा रही है। सोमवार को हुई NDMC की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई। नई व्यवस्था के जरिए पार्किंग प्रबंधन को तकनीक आधारित और व्यवस्थित बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। इसका उद्देश्य पार्किंग व्यवस्था को बेहतर तरीके से संचालित करना और वाहन चालकों के लिए सुविधा बढ़ाना है। सोमवार को हुई NDMC की बैठक में पार्किंग व्यवस्था के अलावा कई अन्य विकास योजनाओं को भी स्वीकृति दी गई।
NDMC ने इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए पार्किंग शुल्क में 50 प्रतिशत छूट देने का फैसला किया है। परिषद के इस निर्णय से NDMC क्षेत्र में पार्किंग करने वाले इलेक्ट्रिक वाहन मालिकों को राहत मिलेगी। प्रस्तावित इंटेलिजेंट इंटीग्रेटेड पार्किंग सिस्टम के तहत वाहन चालकों को डिजिटल माध्यम से यह जानकारी मिल सकेगी कि आसपास के कौन-कौन से पार्किंग स्थल में जगह उपलब्ध है। इससे वाहन चालकों को खाली पार्किंग तलाशने में लगने वाला समय कम होगा। इसके अलावा सिस्टम में नेविगेशन सुविधा भी उपलब्ध होगी। इसके जरिए वाहन चालक सीधे संबंधित पार्किंग स्थल तक पहुंच सकेंगे।
प्रस्तावित स्मार्ट पार्किंग व्यवस्था के तहत मोबाइल और डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए वाहन चालक पार्किंग की उपलब्धता की जानकारी लेने के साथ-साथ शुल्क का भुगतान भी कर सकेंगे। पार्किंग व्यवस्था का संचालन और निगरानी इंटीग्रेटेड कंट्रोल सेंटर से की जाएगी। भविष्य में नई तकनीकों और सुविधाओं को भी इस सिस्टम से जोड़ा जाएगा। पार्किंग स्थलों का संचालन NDMC के पार्किंग मैनेजमेंट सिस्टम विभाग के तहत किया जाएगा।
NDMC क्षेत्र में इलेक्ट्रिक वाहनों को पार्किंग शुल्क में 50 फीसदी की छूट मिलेगी। परिषद का उद्देश्य इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देना और पेट्रोल-डीजल वाहनों पर निर्भरता कम करना है। इससे स्वच्छ परिवहन को भी प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है। NDMC क्षेत्र के अंधेरे स्थानों को रोशन करने के लिए 6, 8 और 11 मीटर ऊंचे अष्टभुजाकार लाइट पोल लगाए जाएंगे। पोल की नींव, केबल और अर्थिंग समेत पूरी परियोजना पर करीब 18.26 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
एनडीएमसी ने पानी के पुराने बिलों के बकाये को लेकर उपभोक्ताओं को राहत दी है। अप्रैल 2026 तक करीब 63.52 करोड़ रुपये के बकाये की वसूली के लिए धोबीघाट के उपभोक्ताओं के लिए वन टाइम एमनेस्टी स्कीम लागू की गई है। इसके तहत पुराने बकाये पर लगने वाले लेट पेमेंट सरचार्ज में राहत दी जाएगी। मोती बाग में नए बने भवन में कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट सेंटर स्थापित किया जाएगा। यह भवन ‘पालिका आदर्श परीक्षा केंद्र’ के नाम से विकसित किया जाएगा। सरोजनी नगर में 50 बेड का आयुष हॉस्पिटल कम रिसर्च सेंटर बनाया जाएगा। वहीं, कनॉट प्लेस के अलग-अलग सबवे में बंद पड़े सात एस्केलेटर को हटाकर नए एस्केलेटर लगाए जाएंगे।


